यह योजना खास तौर पर किसानों के लिए शुरू की गई थी। इसके तहत हर पात्र किसान को सालाना 6,000 रुपये की आर्थिक मदद दी जाती है। यह राशि 2,000 रुपये की तीन किस्तों में सीधे किसान के बैंक खाते में भेजी जाती है। इसका मकसद किसानों को वित्तीय सहायता देना है ताकि वे खेती से जुड़ी जरूरतें पूरी कर सकें।PM Kisan Samman Nidhi: आपको 21वीं किस्त के पैसे आपको मिलेंगे या नहीं, घर बैठे ऐसे चेक करें
ई-केवाईसी से सरकार को यह सुनिश्चित करने में मदद मिलती है कि योजना का लाभ सही किसानों तक पहुंचे और कोई फर्जीवाड़ा न हो। इसी वजह से इसे अनिवार्य कर दिया गया है।
e-KYC करवाने के दो आसान रास्ते हैं-ऑनलाइन और ऑफलाइन (CSC सेंटर)। ऑनलाइन e-KYC के लिए अपने मोबाइल/कंप्यूटर से pmkisan.gov.in पर जाएं या किसान ऐप खोलें। होमपेज पर 'e-KYC' ऑप्शन पर क्लिक करें। आधार नंबर डालें और मोबाइल पर आए ओटीपी से वेरिफाई करें। आपकी e-KYC पूरी हो जाएगी।
अगर आपके पास इंटरनेट सुविधा नहीं है, तो नजदीकी CSC सेंटर पर जाएं। वहां आपका आधार कार्ड और बायोमेट्रिक से e-KYC की प्रक्रिया पूरी कर दी जाएगी। ध्यान रखें कि आधार कार्ड साथ लेकर जाएं।
अगर आप चाहते हैं कि 21वीं किस्त बिना देरी के आपके खाते में पहुंचे, तो e-KYC जल्द से जल्द करा लें। देर करने पर किस्त अटक सकती है। किसी समस्या की स्थिति में आप PM-KISAN हेल्पलाइन 155261 या 011-24300606 पर संपर्क कर सकते हैं।
आमतौर पर, जब पीएम किसान सम्मान निधि के लिए धनराशि जारी की जाती है, तो वह देश भर के सभी किसानों के खातों में एक साथ जमा की जाती है, हालांकि इस बार, उम्मीद है कि बाढ़ प्रभावित राज्यों को पीएम किसान सम्मान निधि की किस्त पहले मिल सकती है।
दरअसल, केंद्र सरकार ने हाल ही में संकेत दिया था कि अगली किस्त जल्द ही जारी की जाएगी। सितंबर की शुरुआत में, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हिमाचल और पंजाब के बाढ़ और अन्य आपदा प्रभावित क्षेत्रों का जायजा लेने के बाद, योजना की अग्रिम किस्त जारी करने का वादा किया था।