गर्मी आते ही एयर कंडीशनर की जरूरत पड़ने लगी है। अगर आप एक नया एसी खरीदने की प्लानिंग कर रहे हैं तो आपके लिए काम की खबर है। आपकी एक गलती आपका बड़ा नुकसान करा सकती है।
दरअसल गर्मी के मौसम में कई बार एयर कंडीशनर में ब्लास्ट की खबरें सामने आती हैं। AC ब्लास्ट के पीछे कई बड़े कारण हो सकते हैं लेकिन कई बार लापरवाही के साथ इस्तेमाल करने के कारण भी इस तरह की घटनाएं हो जाती हैं।
नया एसी खरीदते समय ज्यादातर लोगों का ध्यान उसके फीचर्स जैसे-टन, स्टार रेटिंग, एआई फीचर्स और इनवर्ट फंक्शन है या नहीं इस बात पर रहता है। लेकिन, कई बार जरूरी चीजें नजरअंदाज कर दी जाती हैं। इसी में एसी के आउटडोर यूनिट की प्लेसमेंट और उसकी सेफ्टी।
ज्यादातर लोग एसी के आउटडोर यूनिट को खुली छत पर इंस्टाल कराते हैं जिसकी वजह से वह हर समय तेज धूप में रहता है। किसी भी एसी का सबसे अहम पार्ट उसका कंप्रेसर होता है और लगातार धूप पड़ने से यह अधिक गर्म होने लगता है।
मई-जून की भीषण गर्मी के दौरान हीटवेव का प्रकोप काफी बढ़ जाता है। ऐसे में जब कंप्रेसर धूप और गर्म हवा के संपर्क में पूरे दिन रहता है तो उसे ठंडी हवा देने के लिए अधिक मेहनत करना पड़ता है। इसकी वजह से बिजली तो ज्यादा खर्च होती ही और साथ में ओवरहीटिंग की वजह से कंप्रेसर में ब्लास्ट होने का खतरा भी बढ़ जाता है।
आउडोर यूनिट को छत पर रखने का एक और बड़ा नुकसान है। इसका सीधा असर कूलिंग पर पड़ता है। आउटडोर यूनिट और इनडोर यूनिट के बीच में पाइप की लंबाई जितनी कम होगी एसी उतना ही अधिक कूलिंग करेगा।
अगर आपने एसी को फर्स्ट फ्लोर पर लगाया है और आउटडोर यूनिट दूसरी मंजिल के छट पर रखा है तो इससे आपको लंबे पाइप को लगाना होगा। पाइप की लंबाई अधिक होने की वजह से गैस का दबाव कम हो जाए और कंप्रेसर पर लोड बढ़ जाता है।
AC के आउटडोर यूनिट को अगर आपने छत पर इंस्टाल कराया है तो आपको कुछ एहतियात बरतना चाहिए। आप आउटडोर यूनिट के ऊपर एक टीन शेड लगा सकते हैं ताकि उसमें डायरेक्ट धूप न लगे।
इसके साथ ही अगर तेज तापमान में एसी का आउटडोर यूनिट तेजी से गर्म हो रहा है तो आप उसमें पानी छिड़क सकते हैं ताकि वह ठडा हो जाए। हालांकि आप इस बात का ध्यान रखें कि पानी डालते समय आप एसी को बंद रखें।