भारत के पूर्व विस्फोटक बल्लेबाज वीरेंद्र सहवाग ने आईपीएल में विदेशी खिलाड़ियों के कैजुअल अप्रोच पर निराशा जताई। उन्होंने कहा कि कुछ विदेशी खिलाड़ी आईपीएल में केवल पैसा कमाने आते हैं, उन्हें हार और जीत से कोई लेना-देना नहीं होता है।
वीरेंद्र सहवाग ने ग्लेन मैक्सवेल और लियाम लिविंग्सटन का नाम लिया और कहा कि इन खिलाड़ियों की भूख खत्म हो गई है। वह यहां छुट्टी मनाने आते हैं। उनका उनकी टीम के साथ कोई लगाव नहीं होता है। उन्हें टीम की हार या जीत से कोई लेना-देना नहीं होता है।
आईपीएल 2025 में ग्लेन मैक्सवेल पंजाब किंग्स का हिस्सा हैं, लेकिन बल्ले और गेंद से उनका प्रदर्शन बेहद निराशाजनक रहा है। उन्होंने 6 मैच में अब तक केवल 41 रन बनाए हैं और उनका सर्वाधिक स्कोर 30 रन रहा है।
टी20 फॉर्मेट में मैक्सवेल उपयोगी गेंदबाजी भी कर सकते हैं। लेकिन इस बार उन्होंने गेंदबाजी में भी निराश किया है। 4 मैच में उन्होंने 6 विकेट तो लिए हैं, लेकिन 13 की इकोनॉमी से रन लुटाए हैं।
लियाम लिविंग्सटन आईपीएल 2025 में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरू के लिए खेल रहे हैं। लेकिन 7 मैच में अभी तक उन्होंने केवल 87 रन बनाए हैं। गेंदबाजी की बात करें तो 7 मैच में उन्होंने केवल 2 विकेट चटकाए हैं।
ऐसा नहीं है कि सभी विदेशी खिलाड़ी सहवाग के निशाने पर थे। उन्होंने कुछ विदेशी खिलाड़ियों की जमकर तारीफ भी की। उन्होंने डेविड वॉर्नर, ग्लेन मैक्ग्रा और एबी डिविलियर्स का नाम लिया जो अपनी टीम के जान लगा देते हैं।
सहवाग ने इन 3 खिलाड़ियों का नाम कर इनकी तारीफ की और कहा कि ये खिलाड़ी खेलने के लिए लड़ते थे। वह कहते थे कि उन्हें प्लेइंग इलेवन में रखा जाए तो वह जीत दिलाने में अहम योगदान देंगे।