बुलावायो में भारत और पाकिस्तान आमने-सामने हुए। सेमीफाइनल में पहुंचने के लिए भारत और पाकिस्तान के लिए यह अहम मुकाबला था। मैच में टॉस हारने के बाद भारत को पहले बल्लेबाजी करने का मौका मिला। भारत ने 252 रन बनाए। पाकिस्तान को सेमीफाइनल में पहुंचने के लिए 33.3 ओवर में यह लक्ष्य चेज करना था।
हालांकि, आयुष महात्रे की कप्तानी में गेंदबाजों ने उम्दा प्रदर्शन किया और पाकिस्तान को तय समीकरण के अंदर रन नहीं बनाने दिया। वहीं, भारत ने लगातार छठी बार सेमीफाइनल में जगह बनाई। इसके साथ ही भारत ने अपने नाम विश्व रिकॉर्ड दर्ज कर लिया।
टीम इंडिया ने अंडर-19 वर्ल्ड कप के इतिहास में कुल 12वीं बार सेमीफाइनल में जगह बनाई। वह पहली टीम बन गई है, जिसने यह कारनाम किया है। इससे पहले 28 जनवरी 2026 को ऑस्ट्रेलिया ने वेस्टइंडीज के खिलाफ जीतकर दर्जकर भारत के पिछले वर्ल्ड रिकॉर्ड की बराबरी की थी। कंगारू टीम ने 11वीं बार सेमीफाइनल में जगह बनाई।
वहीं, पाकिस्तान के नाम 10 बार सेमीफाइनल में पहुंचने का रिकॉर्ड है। वह 11वीं बार सेमीफाइनल में पहुंचने से चूक गया। हालांकि, पाकिस्तान के नाम अंडर-19 वर्ल्ड कप में एक अनोखा रिकॉर्ड दर्ज है। पाकिस्तान इकलौती टीम है जिसने अपना टाइटल डिफेंड किया है।
भारत ने सर्वाधिक 5 बार अंडर-19 वर्ल्ड कप का खिताब जीता है। ऑस्ट्रेलिया ने अभी तक चार बार विश्व कप खिताब जीता है। वह भारत के बाद दूसरे स्थान पर मौजूद है। अगर, इस बार वह ट्रॉफी जीतने में सफल होती है तो वह भारत की बराबरी कर लेगी। साथ ही पाकिस्तान अंडर-19 टीम के वर्ल्ड रिकॉर्ड की बराबरी कर लेगा। अपना खिताब डिफेंड करने के मामले में।
सेमीफाइन में पहुंचे ही भारतीय टीम के पास एक और विश्व रिकॉर्ड बनाने का मौका है। फाइनल में जगह बनाते ही वह टूर्नामेंट के इतिहास में सर्वाधिक बार फाइनल खेलना का रिकॉर्ड और सबसे ज्यादा बार खिताब जीतने का रिकॉर्ड अपने नाम कर सकती है। अगर भारतीय टीम इससे पहले कुल 9 बार फाइनल खेल चुका है।
भारत ने पाकिस्तान को सुपर-6 के रोमांचक मुकाबले मात दी। इस जीत के साथ भारत ग्रुप-2 में 8 अंक के साथ टॉप पर पहुंच गया। वह सेमीफाइनल में ग्रुप-1 में दूसरे स्थान पर मौजूद अफगानिस्तान से भिडे़गा। जबकि ऑस्ट्रेलिया का सामना इंग्लैंड से होगा।