अंडर 19 वर्ल्ड कप भारत और इंग्लैंड के बीच चल रहे फाइनल मुकाबले में टीम इंडिया ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया। इसके बाद ओपनर आरोन जॉर्ज सिर्फ चार रन बनाकर आउट हो गए। तब तक खेल धीमा चल रहा था। इसके बाद पिच पर कप्तान आयुष म्हात्रे ने जैसे ही रफ्तार पकड़ी, उनको देखकर वैभव सूर्यवंशी को जैसे अपना अंदाज याद आ गया और फिर जो हुआ वो इतिहास के पन्नों में लिखा जाएगा। आइए जानते हैं सूर्यवंशी की पारी और उनके नए रिकॉर्ड्स।
सेमीफाइनल में 24 गेंदों में अर्धशतक लगाने वाले वैभव सूर्यवंशी ने इस बार शुरुआत में थोड़ी धीमी बल्लेबाजी की थी, इसलिए उनका अर्धशतक 32 गेंदों में आया। ये भी आमूमन तेज अर्धशतक कहा जाएगा, लेकिन सूर्यवंशी के लिए नहीं।
इसके बाद वैभव ने रनों की ऐसी बारिश की जिसने अंडर-19 विश्व कप में किसी भी भारतीय द्वारा सबसे तेज शतक और विश्व में दूसरा सबसे तेज शतक का रिकॉर्ड बना दिया। सूर्यवंशी ने सिर्फ 55 गेंदों में अपना पहला अंडर-19 वर्ल्ड कप शतक लगाया।
वैभव यहीं नहीं रुके। उन्होंने अपनी बैटिंग का अंदाज और तेज कर दिया। इंग्लैंड के गेंदबाज उनको आउट करने का रास्ता ही खोज रहे थे, कि देखते-देखते वो सिर्फ 71 गेंदों में 150 रन पूरा कर गए। ये अंडर 19 विश्व कप में सबसे तेज 150 रन बनाने का रिकॉर्ड है।
वैभव सूर्यवंशी ने 26वें ओवर में आउट हुए जब उन्होंने अपनी टीम को 251 रन तक पहुंचा दिया था। तब तक वो 80 गेंदो में 175 रन बना चुके थे। ये सिर्फ अंडर-19 विश्व कप फाइनल नहीं, बल्कि सीनियर क्रिकेट विश्व कप इतिहास में भी फाइनल में खेली गई अब तक की सबसे बड़ी पारी साबित हुई। उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के महान एडम गिलक्रिस्ट का रिकॉर्ड तोड़ा जिन्होंने 2007 वर्ल्ड कप फाइनल में श्रीलंका के खिलाफ 149 रनों की ऐतिहासिक पारी खेली थी।
वैभव सूर्यवंशी ने अपनी इस पारी के दौरान 15 छक्के और 15 चौके लगाए। जिसके साथ ही उन्होंने एक फाइनल मैच में सबसे ज्यादा 30 बाउंड्री लगाने का रिकॉर्ड बनाया। यानी उन्होंने सिर्फ बाउंड्री के जरिए 150 रन बना दिए। ये एक वर्ल्ड रिकॉर्ड भी है।
वैभव सूर्यवंशी ने इस विश्व कप में 30 छक्के लगाए हैं। फाइनल से पहले वो डेवाल्ड ब्रेविस के वर्ल्ड रिकॉर्ड (18 छक्के) से 3 कदम दूर थे। लेकिन पारी खत्म होते-होते उन्होंने वर्ल्ड कप संस्करण में सबसे ज्यादा छक्के का नया विश्व रिकॉर्ड बना दिया है।
भारत के 14 वर्षीय ओपनर वैभव सूर्यवंशी ने एक और कमाल कर दिखाया है। वो अब तक जिस भी देश में क्रिकेट खेलने गए हैं वहां उन्होंने किसी ना किसी फॉर्मेट में शतक लगाया है। जिम्बाब्वे की जमीन पर उनका ये सिलसिला टूटने वाला था लेकिन आखिरकार फाइनल में उन्होंने इस क्रम को बरकरार रख दिया है और अंडर-19 विश्व कप 2026 में वैभव ने सर्वाधिक 439 रन बनाए और अफगानिस्तान के फैजल शिनोजादा को भी पीछे छोड़ दिया जो शीर्ष पर थे।