गर्मी में ठंडा खाने-पीने का मन होना बिल्कुल नॉर्मल है। हम अक्सर ऐसी चीजें चुनते हैं जो तुरंत ठंडक दें जैसे आइसक्रीम, कोल्ड ड्रिंक या कोल्ड कॉफी। लेकिन सच थोड़ा अलग है। ये कूल दिखने वाले फूड्स कई बार शरीर को अंदर से और गर्म कर देते हैं। वजह है इनका असर हमारे डाइजेशन और बॉडी सिस्टम पर। इसलिए जरूरी है कि हम समझें कि हर ठंडी चीज सच में ठंडक नहीं देती।
आइसक्रीम खाते ही ठंडा महसूस होता है, लेकिन इसमें शुगर और फैट काफी ज्यादा होता है। शरीर जब इसे पचाता है तो ज्यादा एनर्जी लगती है, जिससे अंदर हीट बनती है। यही कारण है कि ज्यादा आइसक्रीम खाने के बाद आपको प्यास या बेचैनी भी महसूस हो सकती है।
ठंडी कोल्ड ड्रिंक पीते ही ताजगी मिलती है, लेकिन इसमें मौजूद हाई शुगर शरीर को डिहाइड्रेट कर सकती है। जब शरीर में पानी कम होता है, तो गर्मी और ज्यादा महसूस होने लगती है। यानी ये ठंडक सिर्फ कुछ देर की होती है।
कोल्ड कॉफी को लोग गर्मी में खूब पसंद करते हैं, लेकिन इसमें कैफीन होता है। कैफीन शरीर में हीट प्रोडक्शन बढ़ा सकता है और डिहाइड्रेशन भी करता है। इसलिए ज्यादा कोल्ड कॉफी पीना आपको उल्टा गर्म महसूस करा सकता है।
बाजार में मिलने वाले ठंडे जूस को लोग हेल्दी समझते हैं, लेकिन इनमें अक्सर एक्स्ट्रा शुगर होती है। यह शरीर के मेटाबॉलिज्म को प्रभावित कर सकती है और अंदर हीट बढ़ा सकती है। ताजे फलों का जूस इससे बेहतर ऑप्शन होता है।
चॉकलेट शेक या फ्लेवर्ड मिल्क जैसे ड्रिंक्स ठंडे जरूर होते हैं, लेकिन इनमें शुगर और कैलोरी ज्यादा होती है। इन्हें पचाने में शरीर को ज्यादा मेहनत करनी पड़ती है, जिससे हीट बढ़ सकती है और शरीर भारी भी लग सकता है।
गर्मी में क्या खाना है, यह उतना ही जरूरी है जितना क्या नहीं खाना। इसलिए अगली बार जब आप ठंडा समझकर कुछ लें, तो थोड़ा ध्यान दें- कहीं वो आपकी बॉडी को अंदर से और गर्म तो नहीं कर रहा।
प्रस्तुत लेख में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल आम जानकारी के लिए हैं और इसे पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जा सकता। किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी तरह का बदलाव करने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।