भारत में मेडिकल के क्षेत्र में सबसे अधिक वेतन वाली शाखाओं में से एक है न्यूरोसर्जरी। न्यूरो सर्जन मस्तिष्क, रीढ़ की हड्डी और तंत्रिका तंत्र से संबंधित जटिल सर्जरी करते हैं। इनकी सैलरी 33 लाख से 34 लाख रुपये होती है और अगर आपका अनुभव बहुत अच्छा है तो सैलरी करोड़ों में भी जा सकती है।
हृदय रोगों (Heart Diseases) के स्पेशलिस्ट डॉक्टरों को कार्डियोलॉजिस्ट और कार्डियोवैस्कुलर सर्जन कहा जाता है। यह विशेष रूप से हार्ट सर्जन और इंटरवेंशनल कार्डियोलॉजिस्ट, भारत में बहुत अच्छा कमाते हैं। इनकी सैलरी 20 से 25 लाख रुपये सालाना होती है।
पेट और डाइजेशन संबंधित परेशानी, लिवर और अन्य दिक्कतों को चेक करने वाले डॉक्टरों को गैस्ट्रोएंटरोलॉजिस्ट कहा जाता है। इनकी सालाना इनकम 30 से 32 लाख रुपये होती है।
कैंसर जैसी गंभीर बीमारी के इलाज के करने वाले डॉक्टरों को ऑन्कोलॉजिस्ट कहा जाता है। बीते सालों से ऑन्कोलॉजी डॉक्टरों की मांग बढ़ती जा रही है। मेडिकल के क्षेत्र में यह हाईएस्ट पेयिंग ब्रांच में से एक है। इनकी सैलरी की बात करें तो यह 28 से 30 लाख रुपये सालाना कमा सकते हैं।
अस्पताल में एक जनरल सर्जन होता ही है। सर्जरी डिपार्टमेंट काम करने वाले डॉक्टर भी अच्छी-खासी सैलरी कमाते हैं। शुरुआती समय में थोड़ी परेशानी होती है, लेकिन उसके बाद 15 से 25 लाख रुपये तक कमा सकते हैं।
हड्डियों, जोड़ों और रीढ़ की हड्डी के डॉक्टर को ऑर्थोपेडिक कहा जाता है। यह विशेष रूप से ट्रॉमा और जॉइंट रिप्लेसमेंट सर्जरी में माहिर डॉक्टर होते है। इनकी कमाई की बात करें तो सालाना इनकम 14 से 18 लाख रुपये होती है।
रेडियोलॉजिस्ट एमआरआई, सीटी स्कैन और एक्स-रे जैसी तकनीकों के माध्यम से निदान (Diagnosis) करते हैं। यह ब्रांच न केवल हाई-पेइंग है, बल्कि इसमें वर्क लाइफ बैलेंस भी बहुत अच्छा माना जाता है। सैलरी की बात करें तो इनकी सैलरी 15 से 20 लाख रुपये सालाना होती है।
त्वचा संबंधी रोगों के साथ-साथ कॉस्मेटिक प्रक्रियाओं, जैसे कि लेजर उपचार, त्वचा की देखभाल और एंटी-एजिंग उपचारों की बढ़ती मांग के कारण यह डर्मेटोलॉजी में जाने वाले छात्रों की संख्या बढ़ गई है। यह मेडिकल के क्षेत्र में अधिक इनकम वाली ब्रांच है। इनकी सालाना इनकम 10 से 15 लाख रुपये होती है।