IAS श्वेता भारती सिविल सर्विस साल 2021 बैच की आईएएस ऑफिसर हैं। वो फिलहाल बिहार के भागलपुर में बतौर असिस्टेंट कलेक्टर के पद पर तैनात हैं।
उनकी कहानी लाखों युवाओं को प्रेरित करने वाली है। वह उन अधिकारियों में से है जिन्होंने इंजीनियरिंग के बाद यूपीएससी की परीक्षा में सफलता हासिल की है।
आईएएस अधिकारी श्वेता भारती मूल रूप से बिहार के नालंदा जिले के राजगीर बाजार की निवासी हैं। पढ़ाई में हमेशा अव्वल रही श्वेता ने कक्षा 12वीं तक की शिक्षा पटना स्थित इशान इंटरनेशनल पब्लिक स्कूल से पूरी की है।
12वीं के बाद श्वेता ने भागलपुर इंजीनियरिंग कॉलेज से इलेक्ट्रिकल एंड टेलीकम्युनिकेशन में ग्रेजुएशन पूरा किया। इंजीनियरिंग की पढ़ाई खत्म करने के बाद उन्हें मशहूर कंपनी विप्रो में नौकरी का अवसर मिला।
विप्रो में नौकरी करते हुए श्वेता का मन सिविल सेवा में जाने का हुआ, लेकिन परिवार की जिम्मेदारियों को ध्यान में रखते हुए वे नौकरी छोड़ नहीं सकती थीं। एक इंटरव्यू में श्वेता ने बताया कि उन्होंने दिन में ड्यूटी निभाई और रात को पढ़ाई शुरू कर दी।
श्वेता ने नौकरी के साथ ही सिविल सेवा की तैयारी जारी रखी और BPSC 65वीं परीक्षा में शानदार रैंक हासिल की। इस सफलता के बाद उनकी तैनाती पश्चिम चंपारण जिले के शिक्षा विभाग में कार्यक्रम पदाधिकारी (DPO) के पद पर हुई।
साल 2021 की यूपीएससी परीक्षा रैंक 356 के साथ क्रैक कर ली। उनका चयन IAS सर्विस के लिए हुआ। उन्हें होम कैडर यानी बिहार में ही पोस्टिंग मिली।