जिस जगह की हम बात कर रहे हैं, वहां बहुत ज्यादा ठंड पड़ती है। जी हां, यहां पर सर्दियों में -45 डिग्री तक तापमान गिर जाता है। इस दौरान यहां पर भारी बर्फबारी भी होती है।
देश की सबसे ज्यादा ठंडी जगह जहां पर तापमान -45 डिग्री तक गिर जाता है, वह केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख में मौजूद है। इस जगह का नाम द्रास है। द्रास को लद्दाख का गेटवे भी कहते हैं।
द्रास को यहां की स्थानीय शीना भाषा में हिमाबाब्स, हेमबाब्स और हुमास के नाम से भी जाना जाता है। यह एक छोटा शहर और हिल स्टेशन है और द्रास जिले का हेडक्वार्टर भी द्रास नगर में ही है।
जैसा कि हमने ऊपर बताया द्रास को हेमबाब्स भी कहते हैं, जिसका शाब्दिक अर्थ बर्फ की धरती होता है। सर्दियों में द्रास का औसत तापमान ही -20 डिग्री होता है, जबकि न्यूनतम तापमान -45 डिग्री तक पहुंच जाता है।
द्रास राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-1) पर जोजिला पास (Zoji La pass) और कारगिल (Kargil) के बीच है। द्रास हाई ऑल्टीट्यूड ट्रैकिंग रूट पर जाने वाले लोगों के लिए एक मशहूर टूरिस्ट हब है।
द्रास समुद्र तल से 10 हजार 800 फीट यानी 3300 मीटर की ऊंचाई पर बसा एक पहाड़ी नगर है। यह शहर श्रीनगर से 140 और सोनमर्ग से 63 किमी दूर है। कारगिल यहां से 58 किमी दूर है।
द्रास में बारिश ना के बराबर होती है और ज्यादातर यह बर्फबारी के रूप में दिसंबर से मई के बीच होती है। यहां 550 मिलीमीटर तक बर्फ गिरती है। माना जाता है कि द्रास दुनिया में ऐसी दूसरी सबसे ठंडी जगह है, जहां पर इंसानी बस्ती है।