अमेरिका में 1 जुलाई 1941, टोक्यो में 28 अगस्त 1953 और यूके में 22 सितंबर 1955 के बाद भारत में टीवी पर 1 जनवरी 1976 को पहला कमर्शियल एड चलाया गया था।
कई रिपोर्ट्स के अनुसार ये विज्ञापन था ग्वालियर सूटिंग्स का, जो बाद में ग्रासिम इंडस्ट्रीज का हिस्सा बनीं। उस समय दूरदर्शन लॉन्च हुआ था और ये विज्ञापन उसी पर चलाया गया था।
ग्रासिम इंडस्ट्रीज की मार्केट कैप आज 1.84 लाख करोड़ रु है। ये 1857 में शुरू हुए आदित्य बिड़ला ग्रुप का हिस्सा है।
ग्वालियर सूटिंग्स की शुरुआत 1947 में घनश्याम दास बिड़ला ने की थी। इसका पूरा नाम Gwalior Rayons and Silk Manufacturing Company (GRASIM) है।
घनश्याम ने 1947 में ग्वालियर के तत्कालीन महाराजा जीवाजीराव सिंधिया की मदद से ग्वालियर सूटिंग्स की शुरुआत की थी, जो स्वतंत्र भारत की पहली कपड़ा मिल थी। अब आदित्य बिड़ला ग्रुप की कमान कुमार मंगलम बिड़ला के हाथ में है, जो घनश्याम के बाद बिड़ला परिवार की तीसरी पीढ़ी से हैं।
एक रिपोर्ट के अनुसार 2022 तक भारतीय विज्ञापन इंडस्ट्री का मार्केट साइज लगभग 743 अरब रुपये तक पहुंच गया, जिसमें डिजिटल विज्ञापन का बाजार में सबसे बड़ा हिस्सा रहा।