ठंड के मौसम में बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी को कई तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ता है। खासतौर पर गर्भवती महिलाओं और बच्चों के साथ-साथ बुजुर्गों को सर्दियों में खास ख्याल रखने की जरूरत होती है। सर्दियों में ठंड के कारण सोने और उठने का समय तो बदल ही जाता है, वहीं सर्दियों में इम्यून सिस्टम कमजोर हो जाता है, जिसके कारण मौसमी बीमारियों और अन्य संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है। ठंड के मौसम में बुजुर्गों के हड्डियों और जोड़ों में दर्द की शिकायत भी बढ़ जाती है। पुराने से पुराने दर्द भी ठंड के मौसम में ज्यादा परेशान करने लगते हैं।
सर्दियों के मौसम में हमारे दिल के आसपास के खून को गरम रखना जरूरी होता है, जिसके कारण शरीर के अंगों में खून की आपूर्ति कम हो जाती है। आर्थराइटिस की समस्या महिलाओं में अधिक देखी जाती है। गठिया से पीड़ित व्यक्तियों को ठंड के मौसम में बहुत सावधानी बरतने की आवश्यकता होती है।
ठंड के मौसम में बुजुर्गों का खास ख्याल रखें-
1. ठंड में मौसम में बुजुर्गों और छोटे बच्चों को ज्यान ध्यान रखने की जरूरत होती है। हरी सब्जियां, अनाज, डेयरी प्रोडक्ट्स, दालों और मौसमी फलों सहित पालक, गोभी, टमाटर, दूध विटामिन्स व प्रोटीन युक्त भोजन को उनके आहार में शामिल करें।
2. बादाम, काजू, किशमिश इत्यादि का भी नियमित रूप से सेवन करने से हड्डियां मजबूत रहती हैं।
3. सर्दियों में रोजाना कुछ देर के लिए धूप में बैठने से लाभ मिलता है। अलग-अलग रिसर्च के अनुसार रोज 15 से 20 मिनट तक धूप में जरूर बैठना चाहिए। बुजुर्गों को भी सर्दियों के धूप का आनंद लेना चाहिए जिससे शरीर को आवश्यक विटामिन की पूर्ति हो सके।
4. ठंड के मौसम में काढा, च्यवनप्राश इत्यादि खाद्य पदार्थों का सेवन करने से शरीर में गर्माहट बनी रहेगी। रात को सोने से पहले गर्म दूध में दो से तीन खजूर डालकर पीने से बुजुर्गों और बच्चों को ठंड की मार से बचाया जा सकता है।
ठंड के मौसम में घर के बुजुर्गों को बच्चों जैसा असहाय महसूस होने लगता है, क्योंकि इन दिनों उनकी प्रतिरोधक क्षमता कमजोर होती है और यही कारण है कि इस मौसम में बुजुर्गों का विशेष ख्याल रखना चाहिए।
(डिस्क्लेमर: प्रस्तुत लेख में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल आम जानकारी के लिए हैं और इसे पेशेवर सलाह के रूप में नहीं लिया जा सकता।)
