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Valmiki Jayanti Sanskrit Wishes: वाल्मीकि जयन्त्याः शुभाशया.. हिंदी-अंग्रेजी नहीं बल्कि संस्कृत में दें सभी को वाल्मीकि जयंती की शुभकामनाएं, देखें मैसेज, कोट्स

Valmiki Jayanti Sanskrit Wishes, Quotes (वाल्मीकि जयंती संस्कृत विशेज, कोट्स, श्लोक): आज संस्कृत महाकाव्य रामायण की रचना करने वाले महर्षि वाल्मीकि की जन्म जयंती मनाई जा रही है। इस खास दिन अगर आप भी अपने प्रियजनों को बधाई देना चाहते हैं। तो हिंदी या अंग्रेजी में नहीं बल्कि स्वयं वाल्मीकि जी की वाणी संस्कृत में दें। देखें हैप्पी वाल्मीकि जयंती संस्कृत कोट्स, श्लोक, विशेज।

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Valmiki Jayanti Wishes in Sanskrit

Valmiki Jayanti Sanskrit Wishes, Quotes (वाल्मीकि जयंती संस्कृत विशेज, कोट्स, श्लोक): वाल्मीकि जयंती के दिन पर संस्कृत के प्रथम कवि और रामायण के रचयिता महर्षि वाल्मिकी की जन्म जयंती के रूप में मनाया जाता है। महर्षि वाल्मिकी का जिक्र रामायण में मिलता है जिनके आश्रम में मां सीता वनवास के दौरान रही थीं और भगवान राम के बच्चों लव और कुश को उन्होंने शिक्षा दी थी। आश्विन मास की पूर्णिमा तिथि के दिन पर आज महर्षि वाल्मीकि की लेखनी और साहित्य व संस्कृत में उनके योगदान को दिल से याद किया जाता है। ऐसे में इस दिन पर कथा, पूजा के साथ साथ अपने प्रियजनों को जयंती की शुभकामनाएं देने का भी चलन है। ऐसे में अगर आप भी अपने अपनों को वाल्मीकि जयंती के बधाई संदेश भेजना चाहते हैं। तो हिंदी या अंग्रेजी में नहीं बल्कि स्वयं वाल्मीकि जी की वाणी संस्कृत में दें। देखें हैप्पी वाल्मीकि जयंती संस्कृत कोट्स, श्लोक, विशेज।

Valmiki Jayanti Sanskrit Quotes

1. वाल्मीकि जयन्त्याः शुभदिने प्रभाते,

धर्मस्य मार्गः प्रकाशितो भवतु

2. वाल्मीकि जयन्त्याः शुभदिने

महर्षेः ज्ञानं शान्तिः च

युष्माकं गृहे सदा वसतु

3. आदिकवेः वाल्मीकेः जयन्त्याम्,

रामायणस्य दिव्यज्योतिः

युष्माकं जीवनं प्रकाशयतु।

Valmiki Jayanti ki wishes Sanskrit me

4. महर्षेः वाल्मीकेः जयन्ती पर्वणः हार्दिकाः शुभकामनाः।

तस्य चरणयोः कोटिः नमनानि।

5. वाल्मीकि जयन्ती

धर्मस्य मार्गे युष्मान् प्रेरयतु।

6. वाल्मीकि जयन्त्याः शुभाशयाः

आदिकवेः वाल्मीकेः आशीर्वादः युष्मान् अवतु

Valmiki Ramayan Sanskrit Shlok

7. आदिकवेः वाल्मीकेः श्लोकानां मधुरिमा

युष्माकं जीवनस्य पथप्रदर्शकः अस्तु।

8. रामायणकाराय महर्षये वाल्मीकये नमः।

तस्य जयन्ती युष्माकं सर्वमङ्गलं कुर्यात्।

9. मा निषाद प्रतिष्ठां त्वमगमः शाश्वतीः समाः।

यत्क्रौंचमिथुनादेकमवधीः काममोहितम्॥

10. येन रामायणं विश्वप्रकाशकं सर्जितम्

तस्मै आदिकवये वाल्मीकये नमो नमः।

Avni Bagrola
अवनी बागरोलाauthor

अवनी बागरोला टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के लाइफस्टाइल सेक्शन में कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं। फैशन, ब्यूटी, ट्रेंड्स, पर्सनल स्टाइलिंग और मॉडर्न लाइफस्टाइल से जुड़े कंटेंट पर उनकी मजबूत पकड़ उन्हें जेन Z और स्टाइल-सेवी ऑडियंस के बीच खास पहचान दिलाती है। अवनी की लेखन शैली सरल, ट्रेंडी और यूज़र-फ्रेंडली है, जो पाठकों को तेजी से बदलते फैशन व लाइफस्टाइल ट्रेंड्स को समझने में मदद करती है। अब तक 3000 से अधिक आर्टिकल्स लिख चुकी अवनी क्रिएटिव अप्रोच, अपडेटेड नॉलेज और रियल-टाइम ट्रेंड सेंस के लिए जानी जाती हैं।

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