Sawan Special Shayari (Happy Sawan Shayari in Hindi): सावन का महीना आते ही प्रकृति जैसे हरियाली की चूनर ओढ़ लेती है। पेड़-पौधे हरे-भरे हो जाते हैं, आसमान में बादलों की बारात सज जाती है और बारिश की बूंदों में धरती झूमने लगती है। सावन भारतीय संस्कृति का वो रंग है जिसमें प्रेम, पूजा और परंपरा की अनगिनत धाराएं बहती हैं। सावन का मौसम दिलों को सुकून देता है, रिश्तों में मिठास लाता है और जीवन में नई ऊर्जा भरता है। सच कहें तो सावन आत्मा को भी भिगो देता है। इसी सावन को कई नामचीन शायरों ने अपनी शायरी में जगह दी है। सावन पर एक से एक बेहतरीन शेर लिखे गए हैं। आइए पढ़ें सावन पर लिखे चंद मशहूर शेर:
सावन शायरी 2 लाइन | बरसात शायरी | रिमझिम सावन शायरी
1. सावन की इस रिम-झिम में
भीग रहा है तन्हा चांद
- इंद्र सराज़ी
2. रहती है शब-ओ-रोज़ में बारिश सी तिरी याद
ख़्वाबों में उतर जाती हैं घनघोर सी आंखें
- अफ़ज़ाल नवेद
Sawan Shayari in Hindi
3. हो लेने दो बारिश हम भी रो लेंगे
दिल में हैं कुछ ज़ख़्म पुराने धो लेंगे
- सदार आसिफ़
4. कल तिरे एहसास की बारिश तले
मेरा सूना-पन नहाया देर तक
- नीना सहर
Sawan Per Shayari Hindi Mein
5. सावन एक महीने 'क़ैसर' आंसू जीवन भर
इन आंखों के आगे बादल बे-औक़ात लगे
- क़ैसर-उल जाफरी
6. नफ़स नफ़स पे यहां रहमतों की बारिश है
है बद-नसीब जिसे ज़िंदगी न रास आई
- पयाम फ़तेहपुरी
Sawan Shayari 2 line in Hindi
7. पड़े हैं नफ़रत के बीच दिल में बरस रहा है लहू का सावन
हरी-भरी हैं सरों की फ़सलें बदन पे ज़ख़्मों के गुल खिले हैं
- हारून फ़राज़
8. ये हुस्न-ए-नौ-बहार ये सावन की बदलियां
पीना है फ़र्ज़ और न पीना हराम आज
- अज्ञात
Sawan Ki Shayari
9. रुकी रुकी सी है बरसात ख़ुश्क है सावन
ये और बात कि मौसम यही नुमू का है
- जुनैद हज़ीं लारी
10. बारिश शराब-ए-अर्श है ये सोच कर 'अदम'
बारिश के सब हुरूफ़ को उल्टा के पी गया
- अब्दुल हमीद अदम
Sawan Wishes Shayari In Hindi
11. मैं चुप कराता हूं हर शब उमडती बारिश को
मगर ये रोज़ गई बात छेड़ देती है
- गुलज़ार
12. याद आई वो पहली बारिश
जब तुझे एक नज़र देखा था
- नासिर काज़मी
Sawan Messages Wishes Shayari Quotes
13. बरसात का बादल तो दीवाना है क्या जाने
किस राह से बचना है किस छत को भिगोना है
- निदा फ़ाज़ली
14. हम से पूछो मिज़ाज बारिश का
हम जो कच्चे मकान वाले हैं
- अशफ़ाक़ अंजुम
Happy Sawan 2025 Shayari in Hindi
15. बरस रही थी बारिश बाहर
और वो भीग रहा था मुझ में
- नज़ीर क़ैसर
16. वो तिरे नसीब की बारिशें किसी और छत पे बरस गईं
दिल-ए-बे-ख़बर मिरी बात सुन उसे भूल जा उसे भूल जा
- अमजद इस्लाम अमजद
Best Sawan Rimjhim Shayari
17. अब के सावन में शरारत ये मिरे साथ हुई
मेरा घर छोड़ के कुल शहर में बरसात हुई
- गोपालदास नीरज
उम्मीद करेंगे आपके सावन को ये शेर और भी हरा कर देंगे। आप सावन की इन शायरियों को अपनों के साथ भी साझा कर सकते हैं। आप उन्हें निजी तौर पर भेजें या तो अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर भी पोस्ट कर सकते हैं।
