Independence Day Poem In Hindi (स्वतंत्रता दिवस पर देशभक्ति कविताएं): इस बार 15 अगस्त 2025 को भारत अपना 79वां स्वतंत्रता दिवस मना रहा है। यह दिन हम भारतवासियों के लिए सबसे यादगार दिन है। 1947 में इसी तारीख को हमारा देश अंग्रेजी हुकूमत से आजाद हुआ था। 15 अगस्त को एक तारीख मात्र मानना गलत है, यह दिन हमारी स्वाधीनता, देशभक्ति और स्वाभिमान का प्रतीक है। अंग्रेजों से आजादी के लिए देश के वीर सपूतों ने हंसते-हंसते अपने प्राण न्योछावर कर दिये थे। स्वतंत्रता दिवस का दिन उन सभी शहीदों को नमन करने का अवसर भी देता है। आज जो हिंदुस्तान हम देखते हैं उसके बरसों के जतन, त्याग, प्राण और खून से सजाया गया है। हिंदुस्तान की खूबसूरती को बहुत से नगमानिगारों ने बेहतरीन कविताएं लिखी हैं। यहां देखें देश, देशभक्ति और स्वतंत्रता दिवस पर कविताएं हिंदी में। देखें देशभक्ति पर कविता।
Hindi Poems on Independence Day 2025 | Swatantrata Diwas Par Kavita | 15 August Par Kavita
1. विजयी विश्व तिरंगा प्यारा
विजयी विश्व तिरंगा प्यारा,
झंडा ऊंचा रहे हमारा।
सदा शक्ति बरसाने वाला,
प्रेम सुधा सरसाने वाला
वीरों को हर्षाने वाला
मातृभूमि का तन-मन सारा,
झंडा ऊंचा रहे हमारा।
स्वतंत्रता के भीषण रण में,
लखकर जोश बढ़े क्षण-क्षण में,
कांपे शत्रु देखकर मन में,
मिट जाये भय संकट सारा,
झंडा ऊंचा रहे हमारा।
इस झंडे के नीचे निर्भय,
हो स्वराज जनता का निश्चय,
बोलो भारत माता की जय,
स्वतंत्रता ही ध्येय हमारा,
झंडा ऊंचा रहे हमारा।
आओ प्यारे वीरों आओ,
देश-जाति पर बलि-बलि जाओ,
एक साथ सब मिलकर गाओ,
प्यारा भारत देश हमारा,
झंडा ऊंचा रहे हमारा।
इसकी शान न जाने पावे,
चाहे जान भले ही जावे,
विश्व-विजय करके दिखलावे,
तब होवे प्रण-पूर्ण हमारा,
झंडा ऊंचा रहे हमारा।
2. स्वतन्त्र भारत, स्वतन्त्र भारत
महर्षि मोहन के मुख से निकला,
स्वतन्त्र भारत, स्वतन्त्र भारत।
सचेत होकर सुना सभी ने,
स्वतन्त्र भारत, स्वतन्त्र भारत।
रहा हमेशा स्वतन्त्र भारत,
रहेगा फिर भी स्वतन्त्र भारत।
कहेंगे जेलों में बैठकर भी,
स्वतन्त्र भारत, स्वतन्त्र भारत।
कुमारि, हिमगिरि, अटक, कटक में,
बजेगा डंका स्वतन्त्रता का।
कहेंगे तैतिस करोड़ मिलकर,
स्वतन्त्र भारत, स्वतन्त्र भारत।
3. हम बच्चे हैं हिंदुस्तान के
नन्हे - नन्हे प्यारे - प्यारे, गुलशन को महकाने वाले
सितारे जमीन पर लाने वाले, हम बच्चे है हिंदुस्तान के
नए जमाने के दिलवाले, तूफ़ानो से ना डरने वाली
कहलाते हैं हिम्मत वाले, हम बच्चे है हिंदुस्तान के
चलते है हम शान से, बचाते हैं हम द्वेष से
आन पे हो जाएँ कुर्बान, हम बच्चे है हिंदुस्तान के।
4. सारे जहां से अच्छा
सारे जहां से अच्छा
हिंदुस्तान हमारा
हम बुलबुलें हैं उसकी
वो गुलसितां हमारा।
परबत वो सबसे ऊंचा
हमसाया आसमां का
वो संतरी हमारा
वो पासबां हमारा।
गोदी में खेलती हैं
जिसकी हज़ारों नदियां
गुलशन है जिनके दम से
रश्क-ए-जिनां हमारा।
मज़हब नहीं सिखाता
आपस में बैर रखना
हिंदी हैं हम वतन है
हिंदुस्तान हमारा।
5. हम बच्चे मतवाले हैं
हम बच्चे मतवाले हैं
हम चाँद को छूने वाले हैं !
जो हम से टकराएगा ,
कभी ना वो बच पाएगा !
हम भारत माता के प्यारे
देश के राज दुलारे हैं ,
आजादी के रखवाले हम
नये युग का आगाज हम
देश का नाम सदा करेंगे
तिरंगे की शान रखेंगे
अपना जीवन हम सब
देश के नाम करेंगे !
हम बच्चे मतवाले है
हम चाँद को छूने वाले हैं !
15 अगस्त के खास मौके पर देशभक्ति के जज्बे से भरपूर ये हिंदी कविताएं आप अपने सोशल मीडिया अकाउंट से शेयर भी कर सकते हैं। इन कविताओं में ऐसा जादू है कि पढ़ने वालों के रगों में उबाल आ जाएगा।
