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सन्स्क्रीन या मॉइश्चराइजर को छूते तक नहीं है रणबीर कपूर, अपनी स्किन का यूं रखते हैं ख्याल

रणबीर ने यह भी बताया कि वह ऑक्सीजन चैंबर यानी हाइपरबैरिक ऑक्सीजन थेरेपी (HBOT) का इस्तेमाल कर चुके हैं।

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रणबीर कपूर का स्किन केयर रूटीन (Photo: Ranbir Kapoor fan page/fb)

बॉलीवुड अभिनेता रणबीर कपूर ने हाल ही में अपनी ग्रूमिंग और वेलनेस रूटीन को लेकर एक दिलचस्प बात बताई। उन्होंने कहा कि उन्होंने आज तक मॉइस्चराइजर और सनस्क्रीन का इस्तेमाल नहीं किया है। वह वेलनेस और रिकवरी पर काफी ध्यान देते हैं। उनकी रूटीन में कोल्ड प्लंज, इंफ्रारेड सॉना, स्टीम और हाइपरबैरिक ऑक्सीजन थेरेपी जैसी चीजें शामिल हैं।

रणबीर को क्यों पसंद है कोल्ड प्लंज?

कोल्ड प्लंज यानी कुछ समय के लिए बहुत ठंडे पानी में शरीर को रखना आजकल वेलनेस की दुनिया में काफी चर्चा में है। रणबीर भी इसे अपनी रिकवरी रूटीन का हिस्सा बताते हैं। लेकिन क्या ठंडा पानी त्वचा के लिए भी उतना ही फायदेमंद है?

डर्मेटोलॉजिस्ट कहते हैं कि ठंडे पानी के संपर्क में आने से त्वचा की रक्त वाहिकाएं कुछ समय के लिए सिकुड़ जाती हैं। इससे चेहरे की सूजन या पफीनेस थोड़ी देर के लिए कम दिखाई देती है। लेकिन इसे लंबे समय तक त्वचा को फायदा पहुंचाने वाला वैज्ञानिक रूप से साबित उपचार नहीं माना जाना चाहिए। बहुत ठंडा पानी संवेदनशील या पहले से रूखी त्वचा में जलन भी पैदा कर सकता है।

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ऑक्सीजन चैम्बर से क्या त्वचा जवान रहती है?

रणबीर ने यह भी बताया कि वह ऑक्सीजन चैंबर यानी हाइपरबैरिक ऑक्सीजन थेरेपी (HBOT) का इस्तेमाल कर चुके हैं। HBOT के कुछ खास मेडिकल इस्तेमाल हैं, लेकिन इसे सामान्य एंटी-एजिंग या स्किन रिपेयर का विकल्प नहीं माना जाना चाहिए।

एक्सपर्ट्स के मुताबिक, ऐसी किसी भी मेडिकल ऑक्सीजन थेरेपी का इस्तेमाल विशेषज्ञ की निगरानी और उचित मेडिकल कारण के तहत ही होना चाहिए। यह अच्छी नींद, संतुलित खान-पान, एक्सरसाइज और धूप से बचाव जैसी बुनियादी आदतों की जगह नहीं ले सकती।

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तो क्या मॉइस्चराइजर और सनस्क्रीन छोड़ सकते हैं?

यहां रणबीर की रूटीन को सीधे कॉपी करना सही नहीं होगा। डर्मेटोलॉजिस्ट के अनुसार, सनस्क्रीन और मॉइस्चराइजर का अपना अलग काम है। सनस्क्रीन त्वचा को अल्ट्रावायलेट रेडिएशन से बचाने में मदद करता है। ज्यादा UV एक्सपोजर टैनिंग, पिगमेंटेशन, समय से पहले त्वचा की उम्र बढ़ने और स्किन कैंसर के जोखिम से जुड़ा है।

वहीं मॉइस्चराइजर त्वचा की बाहरी परत यानी स्किन बैरियर को सपोर्ट करता है। यह त्वचा से पानी की कमी कम करने और उसे हाइड्रेट रखने में मदद करता है। हालांकि, हर व्यक्ति के लिए एक जैसा मॉइस्चराइजर जरूरी नहीं है। यह त्वचा के प्रकार और उसकी जरूरत पर निर्भर करता है।

एक्सपर्ट्स की सलाह

विशेषज्ञों की सलाह है कि स्किनकेयर को बहुत जटिल बनाने की जरूरत नहीं है। एक आसान रूटीन में जेंटल क्लींजिंग, त्वचा के हिसाब से मॉइस्चराइजर और दिन में ब्रॉड-स्पेक्ट्रम सनस्क्रीन शामिल हो सकते हैं। इसके साथ पर्याप्त नींद, संतुलित डाइट, नियमित शारीरिक गतिविधि और स्मोकिंग से दूरी भी त्वचा और पूरे शरीर की सेहत के लिए महत्वपूर्ण हैं।

Suneet Singh
सुनीत सिंहauthor

सुनीत सिंह टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में डिप्टी न्यूज एडिटर के रूप में कार्यरत हैं और लाइफस्टाइल सेक्शन में स्पेशल स्टोरीज प्रोजेक्ट का नेतृत्व कर रहे हैं। टीवी और डिजिटल पत्रकारिता में 13 वर्षों के अनुभव के साथ, सुनीत उन बहुमुखी पत्रकारों में शामिल हैं जिन्होंने न्यूजरूम और फील्ड—दोनों मोर्चों पर खुद को साबित किया है। माइक, कैमरा और एडिटिंग डेस्क तीनों से उनकी सहज जुगलबंदी ने उन्हें एक संतुलित और विश्वसनीय मीडिया प्रोफेशनल के रूप में स्थापित किया है। पिछले 10 वर्षों से सुनीत लाइफस्टाइल, लिटरेचर, सिनेमा और संस्कृति से जुड़ी गहन व विश्लेषणात्मक स्टोरीज लिखते रहे हैं और अबतक 12,000 से अधिक आर्टिकल पब्लिश कर चुके हैं। उनकी लेखन शैली गहराई, मौलिक दृष्टिकोण और रिसर्च-आधारित प्रस्तुति से पहचानी जाती है। वे विषयों की बारीकियों को पकड़कर उन्हें सरल, प्रभावी और पाठकों से जुड़ने वाली भाषा में ढालने में दक्ष हैं।

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