नई दिल्ली : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आजादी की 75वीं वर्षगांठ के मौके पर रविवार को लाल किले की प्राचीर से देशवासियों को संबोधित किया। इस मौके पर प्रधानमंत्री ने नए भारत के संकल्पों एवं देश को नई ऊंचाई पर ले जाने के रास्ते बताए। स्वतंत्रता सेनानियों एवं महापुरुषों को यादि करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि हम सभी एक साथ प्रयास कर देश को नई ऊंचाई पर ले जा सकते हैं। प्रधानमंत्री ने देश की चुनौतियों के बारे में उल्लंख किया और यह भी बताया कि देश कैसे प्रगति एवं विकास के रास्ते पर तेजी के साथ आगे बढ़ सकता है। प्रधानमंत्री ने आने वाले समय के लिए सरकार की योजनाओं के बारे में भी बताया। अपने 88 मिनट के भाषण में देश से जुड़े सभी मुद्दों पर अपने विचार रखे।
पीएम मोदी के संबोधन की मुख्य बातें
पीएम ने अपने भाषण के अंत में यह कविता पढ़ी-
यही समय है, सही समय है,
भारत का अनमोल समय है।
असंख्य भुजाओं की शक्ति है,
हर तरफ़ देश की भक्ति है,
तुम उठो तिरंगा लहरा दो,
भारत के भाग्य को फहरा दो:
यही समय है, सही समय है, भारत का अनमोल समय है।
कुछ ऐसा नहीं जो कर ना सको,
कुछ ऐसा नहीं जो पा ना सको,
तुम उठ जाओ, तुम जुट जाओ,
सामर्थ्य को अपने पहचानो,
कर्तव्य को अपने सब जानो,
भारत का ये अनमोल समय है,
यही समय है, सही समय है।
