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उत्तराखंड में राहुल गांधी के खिलाफ FIR पर बवाल, सचिवालय तक मार्च करेगी कांग्रेस, CM धामी का पलटवार

इस एफआईआर के खिलाफ कांग्रेस ने मंगलवार को सचिवालय घेराव का फैसला किया है, वह सचिवालय तक मार्च निकालेगी। वहीं, उत्तराखंड के सीएम पुष्कार सिंह धामी ने राहुल गांधी पर चाय के कप में भी जाति और भेदभाव खोजने का आरोप लगाया।

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उत्तराखंड में राहुल गांधी के खिलाफ दर्ज हुई एफआईआर।

Photo : PTI

FIR against Rahul Gandhi: उत्तराखंड के हल्द्वानी स्थित रामलीला मैदान में कथित 'शुद्धिकरण’ के मामले को लेकर की गई विवादित टिप्पणी के लिए कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। अपने नेता के खिलाफ एफआईआर दर्ज होने पर कांग्रेस भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर हमलावर हो गई है। इस एफआईआर के खिलाफ कांग्रेस ने मंगलवार को सचिवालय घेराव का फैसला किया है, वह सचिवालय तक मार्च निकालेगी। वहीं, उत्तराखंड के सीएम पुष्कार सिंह धामी ने राहुल गांधी पर चाय के कप में भी जाति और भेदभाव खोजने का आरोप लगाया और इसे संकीर्ण राजनीति की पराकाष्ठा बताया।

शिकायत में राहुल गांधी को आरोपी बनाया

पुलिस ने बताया कि हल्द्वानी के जवाहर नगर निवासी अमित कुमार की शिकायत पर कोतवाली थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है। वाल्मीकि समुदाय से ताल्लुक रखने वाले अमित कुमार 'श्री राम सेना धर्मार्थ सेवा न्यास’ से जुड़े हुए हैं। पुलिस के अनुसार, शिकायत में राहुल गांधी को आरोपी बनाया गया है। अमित कुमार ने पुलिस को दी शिकायत में आरोप लगाया कि राहुल गांधी ने इस विवाद को लेकर अपनी टिप्पणी में यज्ञ कार्यक्रम को जातिगत रंग दिया और इससे जुड़े लोगों को 'छुआछूत मानने वाला’ तथा 'दलित विरोधी’ बताने का प्रयास किया।

'वाल्मीकि समाज की भावनाएं आहत हुईं'

शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी की टिप्पणी से वाल्मीकि समाज की भावनाएं आहत हुई हैं। कुमार ने कहा कि कार्यक्रम में अनुसूचित जाति सहित विभिन्न वर्गों के लोग शामिल हुए थे और इसका कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे या किसी व्यक्ति विशेष से कोई संबंध नहीं था।

पुलिस ने बताया कि शिकायत के आधार पर भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है और इनमें अलग-अलग समूहों के बीच वैमनस्य बढ़ाने, धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के उद्देश्य से किए गए जानबूझकर कृत्यों से संबंधित प्रावधान शामिल हैं।

SC-ST एक्ट की धाराएं भी जोड़ी गईं

पुलिस के मुताबिक, इसके अलावा प्राथमिकी में अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम, 1989 की संबंधित धाराएं भी जोड़ी गई हैं। इससे पहले कुमार ने शिकायत के साथ पुलिस को संबंधित प्रेस वार्ता की वीडियो रिकॉर्डिंग, सोशल मीडिया पोस्ट और आठ व 11 अगस्त के कार्यक्रमों के फोटो-वीडियो पर संज्ञान लेने तथा संबंधित लोगों के बयान दर्ज करने का अनुरोध किया था। शिकायत की प्रतियां नैनीताल के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) और अन्य अधिकारियों के साथ ही राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग को भी भेजी गई थी।

कथित तौर पर 'शुद्धिकरण यज्ञ’ किया था

हल्द्वानी के रामलीला मैदान में आठ अगस्त को कांग्रेस अध्यक्ष खरगे की जनसभा के बाद 11 अगस्त को कुछ लोगों ने वहां कथित तौर पर 'शुद्धिकरण यज्ञ’ किया था, जिसे लेकर सियासी घमासान शुरू हो गया था। कांग्रेस जहां मामले को भाजपा की दलित विरोधी सोच बता रही है, वहीं भाजपा ने यह कहते हुए इसका बचाव किया कि खरगे की जनसभा की दौरान गंदगी हुई और ऐसे नारे लगे जो धार्मिक स्थान पर नहीं लगने चाहिए थे।

Alok Rao
आलोक कुमार रावauthor

19 वर्षों से मीडिया जगत में सक्रिय आलोक राव ने प्रिंट, न्यूज एजेंसी, टीवी और डिजिटल चारों ही माध्यमों में काम किया है। इस लंबे अनुभव ने उन्हें समाचारों की समझ, प्रेजेंटेशन, डिटेलिंग और न्यूजरूम डायनेमिक्स में असाधारण दक्षता प्रदान की है। राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों में विशेष रुचि रखने के साथ-साथ जियो-पॉलिटिक्स एवं डिफेंस की स्टोरीज में इनकी खासी दिलचस्पी है। आलोक ने अलग-अलग माध्यमों में काम करते हुए समाचारों की समझ, प्रस्तुति और विश्लेषण में मजबूत दक्षता विकसित की है और अब तक 25,000 से अधिक आर्टिकल तैयार कर चुके हैं। तथ्यों की गहन जांच, मजबूत न्यूज सेंस और तेज निर्णय क्षमता उनकी पत्रकारिता की प्रमुख खासियतें हैं।

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