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'Udaipur Files' की रिलीज पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई आज, दिल्ली उच्च न्यायालय के फैसले को दी गई है चुनौती

Udaipur Files: सुप्रीम कोर्ट आज फिल्म उदयपुर फाइल्स से जुड़ी याचिकाओं पर सुनवाई करेगा। बता दें, रिलीज से एक दिन पहले, दिल्ली उच्च न्यायालय ने पिछले हफ़्ते केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (सीबीएफसी) से प्रमाणन के बिना टीजर जारी करने पर गंभीर चिंता जताते हुए फ़िल्म की रिलीज पर रोक लगा दी थी।

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'उदयपुर फाइल्स' की रिलीज पर हाईकोर्ट की रोक के बाद सुप्रीम कोर्ट आज करेगा सुनवाई

Photo : टाइम्स नाउ डिजिटल

Udaipur Files: सुप्रीम कोर्ट आज (बुधवार) को फिल्म उदयपुर फाइल्स से जुड़ी याचिकाओं पर सुनवाई करेगा। बता दें, इस फिल्म की रिलीज को लेकर कानूनी और राजनीतिक खींचतान जारी है। 11 जुलाई को दुनिया भर में रिलीज होने वाली यह फिल्म राजस्थान के उदयपुर में जून 2022 में मोहम्मद रियाज अटारी और गौस मोहम्मद द्वारा गला रेतकर की गई एक दर्जी कन्हैया लाल की नृशंस हत्या के इर्द-गिर्द घूमती है। न्यायमूर्ति सूर्यकांत और न्यायमूर्ति जॉयमाला बागची की पीठ दो प्रमुख याचिकाओं पर सुनवाई करेगी। एक याचिका फिल्म निर्माता अमित जॉनी द्वारा दायर की गई है, जिन्होंने फिल्म की रिलीज पर रोक लगाने वाले दिल्ली उच्च न्यायालय के अंतरिम आदेश को चुनौती दी है। दूसरी याचिका कन्हैया लाल हत्याकांड के एक आरोपी जावेद की है, जिसका तर्क है कि फिल्म की रिलीज से चल रहे मुकदमे पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।

दिल्ली हाइ कोर्ट ने फिल्म के रिलीज पर लगाई थी रोक

बता दें, रिलीज से एक दिन पहले, दिल्ली उच्च न्यायालय ने पिछले हफ़्ते केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (सीबीएफसी) से प्रमाणन के बिना टीजर जारी करने पर गंभीर चिंता जताते हुए फ़िल्म की रिलीज पर रोक लगा दी थी। अदालत ने पाया कि 26 जून को ऑनलाइन अपलोड किए गए टीजर में ऐसी सामग्री थी जिसे सीबीएफसी ने पहले हटाने का आदेश दिया था। हालांकि सीबीएफसी ने 20 जून को फ़िल्म के प्रदर्शन की मंज़ूरी दे दी थी और 2 जुलाई को एक संशोधित ट्रेलर को प्रमाणित किया गया था, लेकिन उच्च न्यायालय ने टीजर के समय से पहले और अनधिकृत रिलीज के कारण निर्माता के आचरण को संदिग्ध पाया। फिल्म निर्माताओं का प्रतिनिधित्व कर रहे वरिष्ठ अधिवक्ता गौरव भाटिया ने सर्वोच्च न्यायालय में तत्काल सुनवाई की मांग की और जोर देकर कहा कि फ़िल्म शुक्रवार को सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली थी। हालांकि, दिल्ली उच्च न्यायालय ने एक दिन पहले, गुरुवार रात 8 बजे रिलीज पर रोक लगा दी थी।

इस बीच, जमीयत उलेमा-ए-हिंद ने सर्वोच्च न्यायालय में एक याचिका दायर कर अनुरोध किया है कि उनका पक्ष सुने बिना कोई आदेश पारित न किया जाए। फिल्म का विरोध करने वाले याचिकाकर्ताओं ने भी केंद्र सरकार को एक ज्ञापन सौंपकर फिल्म की रिलीज पर लगी रोक को बढ़ाने और मामले को संतुलित एवं निष्पक्ष तरीके से निपटाने का आग्रह किया है।

Shashank Shekhar Mishra
Shashank Shekhar Mishraauthor

शशांक शेखर मिश्रा टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल (www.timesnowhindi.com) में बतौर कॉपी एडिटर काम कर रहे हैं। इन्हें पत्रकारिता में करीब 5 वर्षों का अनुभव है। इन पांच सालों में देश की राजनीति से लेकर देश-दुनिया में बनते-बिगड़ते सत्ता समीकरणों एवं घटनाओं को कवर करने का अनुभव है। राजनीति, रक्षा और आटोमोबाइल्स की खबरों में विशेष रूचि के साथ खोजी पत्रकारिता और स्टिंग ऑपरेशन का भी अनुभव है। टाइम्स नाउ नवभारत में देश-दुनिया की खबरों के साथ रियल टाइम डेस्क पर कार्य करने का अनुभव है। शशांक ने इन 5 वर्षों के पत्रकारिता के कैरियर के दौरान टेलीविजन और डिजिटल मीडिया में कार्य करने का अनुभव हासिल किया है। टाइम्स नाउ नवभारत में बतौर कॉपी एडिटर जुड़ने से पहले जागरण न्यू मीडिया, इनशार्ट्स, जी हिंदुस्तान और न्यूज हेल्पलाइन में सब एडिटर, रिपोर्टर और असिस्टेंट प्रोड्यूसर के तौर पर काम कर चुके हैं। पढ़ाई-लिखाई की बात करें तो लखनऊ विश्वविद्यालय से राजनीति विज्ञान में पोस्ट ग्रेजुएशन किया है। इसके बाद एशियन एकेडमी ऑफ फिल्म एंड टेलीविजन से पोस्ट ग्रेजुएशन डिप्लोमा इन मास कम्युनिकेशन एंड टीवी जर्नलिज्म किया हैं। शशांक को जिम जाना, एडवेंचर एक्टिविटी करना और नई तकनीक को जानना और समझना बेहद पसंद है। इसके अलावा शशांक को ड्राइव करना और अध्यात्म में भी काफी रुचि हैं। शशांक शेखर मिश्रा उत्तर प्रदेश की राजधानी और नवाबों के शहर के रूप में फेमस लखनऊ से ताल्लुक रखते हैं।

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