भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की तमिलनाडु इकाई के प्रमुख नयनार नागेंद्रन ने शुक्रवार को 23 अप्रैल को होने वाले विधानसभा चुनाव में विरुधुनगर जिले के सत्तूर निर्वाचन क्षेत्र से चुनाव लड़ने की घोषणा की। नागेंद्रन ने ये दावा शुक्रवार को कन्याकुमारी दौरे के दौरान किया। उन्होंने कहा कि मैं 23 अप्रैल को होने वाले विधानसभा चुनाव में सत्तूर से चुनाव लड़ूंगा। राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के उम्मीदवार चुनाव में विजयी होंगे। वहीं, भाजपा ने अभी तक अपने उम्मीदवारों की आधिकारिक सूची जारी नहीं की है।
गौरतलब है कि नागेंद्रन ने 2021 के विधानसभा चुनाव में तिरुनेलवेली सीट से जीत हासिल की थी। नागेंद्रन के अलावा, पार्टी की महिला मोर्चा अध्यक्ष वानती श्रीनिवासन किसी अन्य निर्वाचन क्षेत्र से चुनाव लड़ सकती हैं। श्रीनिवासन ने 2021 के विधानसभा चुनाव में अभिनेता से नेता बने कमल हासन को हराकर कोयंबटूर दक्षिण से जीत दर्ज की थी।
भाजपा 27 सीटों पर लड़ रही चुनाव
हाल में सीट बंटवारे के लिये हुए समझौते के तहत अखिल भारतीय अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कषगम (अन्नाद्रमुक) ने भाजपा को 27 सीट आवंटित की हैं, हालांकि पार्टी को तिरुनेलवेली और कोयंबटूर दक्षिण सीट नहीं मिली हैं। जब श्रीनिवासन से पूछा गया कि क्या वह किसी अन्य निर्वाचन क्षेत्र से चुनाव लड़ेंगी, तो उन्होंने 26 मार्च को संवाददाताओं से कहा कि पार्टी आलाकमान तय करेगा कि कौन कहां से चुनाव लड़ेगा। उन्होंने कहा कि मैं पार्टी के फैसले का पालन करूंगी।
भाजपा को अपनी सीटें छोड़नी पड़ीं,इस बात से इनकार करते हुए नागेंद्रन ने पत्रकारों से कहा कि अन्नाद्रमुक के साथ सीट बंटवारे की बातचीत के दौरान इन निर्वाचन क्षेत्रों पर चर्चा हुई और निर्णय लिया गया। भाजपा नेता ने कहा कि राजग के उम्मीदवार सभी 234 निर्वाचन क्षेत्रों से चुनाव लड़ रहे हैं और जब हम चुनाव जीतेंगे,तो अन्नाद्रमुक प्रमुख एडप्पाडी के पलानीस्वामी मुख्यमंत्री बनेंगे।उन्होंने कहा कि बातचीत के दौरान भाजपा को कोयंबटूर क्षेत्र में कई सीटें देने की पेशकश की गई थी। जब उनसे पूछा गया कि क्या उनके पूर्ववर्ती के.अन्नामलाई चुनाव लड़ेंगे? इस पर नागेंद्रन ने जवाब दिया कि पार्टी आला कमान इस पर फैसला करेगा।
2017 में अन्नाद्रमुक छोड़ कर भाजपा में शामिल हुए थे नागेंद्रन
नागेंद्रन 2017 में अन्नाद्रमुक छोड़ कर भाजपा में शामिल हुए थे। अप्रैल 2025 में उन्हें अन्नामलाई के उत्तराधिकारी के रूप में पार्टी अध्यक्ष बनाया गया था। उन्हें 2021 में तिरुनेलवेली निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा उम्मीदवार बनाया गया था और उन्होंने 2001 और 2011 के चुनावों में अन्नाद्रमुक उम्मीदवार के रूप में इस निर्वाचन क्षेत्र से जीत हासिल की थी, लेकिन 2006 और 2016 के चुनावों में वह यह सीट हार गए थे।
