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भारत का पहला निजी रॉकेट उड़ान के लिए तैयार, विक्रम-1 कब और कहां से होगा लॉन्च? जानें इसकी खासियत

Vikram-1 Test Flight: हैदराबाद स्थित निजी अंतरिक्ष कंपनी स्काईरूट एयरोस्पेस अंतरिक्ष में ऊंची छलांग लगाने के लिए एकदम तैयार है। कंपनी ने देश का पहला प्राइवेट ऑर्बिटल रॉकेट विकसित किया है।

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विक्रम-1 लॉन्च व्हीकल (फोटो साभार: @SkyrootA)

Photo : Twitter

Vikram-1 Test Flight: हैदराबाद स्थित निजी अंतरिक्ष कंपनी स्काईरूट एयरोस्पेस (Skyroot Aerospace) अंतरिक्ष में ऊंची छलांग लगाने के लिए एकदम तैयार है। कंपनी ने देश का पहला प्राइवेट ऑर्बिटल रॉकेट विकसित किया है, जो जल्द ही पहली परीक्षण उड़ान भरने वाला है। स्काईरूट ने गुरुवार को विक्रम-1 रॉकेट की लॉन्च विंडो का ऐलान किया है।

कब लॉन्च होगा विक्रम-1?

विक्रम-1 लॉन्च व्हीकल की पहली परीक्षण उड़ान 12 जुलाई से 4 अगस्त के बीच निर्धारत की गई है। इस दौरान, विक्रम-1 कभी भी उड़ान भर सकता है। विक्रम-1 रॉकेट श्रीहरिकोटा स्थित सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र से लॉन्च होगा। हालांकि, लॉन्चिंग की आखिरी तारीख मौसम, तकनीकी जांच तथा जरूरी मंजूरी मिलने के बाद तय की जाएगी।

स्काईरूट एयरोस्पेस के सह-संस्थापक पवन कुमार चांदना ने कहा, ''हम यह समझना चाहते हैं कि उड़ान भरने से लेकर ऊपर जाने के हर चरण में रॉकेट कैसा प्रदर्शन करता है। इस डेटा को जमीन पर होने वाले परीक्षण के जरिए पूरी तरह से दर्शाया नहीं जा सकता। उन्होंने कहा, ''इस मिशन से मिलने वाला डेटा रॉकेट के डिजाइन को बेहतर बनाने और भविष्य में एक भरोसेमंद एवं नियमित व्यावसायिक लॉन्च कार्यक्रम विकसित करने में मदद करेगा।''

मिशन आगमन

आगमन नामक इस मिशन के दौरान प्रोपल्शन, स्टेज सेपरेशन, गाइडेंस, नेविगेशन, कंट्रोल सिस्टम और पूरे लॉन्च व्हीकल के प्रदर्शन से जुड़ा अहम डेटा एकत्रित किया जाएगा।

विक्रम-1 की क्या है खासियत?

सात मंजिला ऊंचे विक्रम-1 रॉकेट का निर्माण ऑल-कार्बन कॉम्पोजिट स्ट्रक्चर के साथ किया गया है। इसमें कंपनी द्वारा विकसित 3D-प्रिंटेड इंजन और उच्च क्षमता वाले सॉलिड-फ्यूल रॉकेट बूस्टर लगाए गए हैं। यह रॉकेट लो अर्थ ऑर्बिट (LEO) में 350 किलोग्राम तक के छोटे सैटेलाइट को स्थापित करने में सक्षम है। इसकी पहली उड़ान में 450 किलोमीटर की ऊंचाई और 60 डिग्री ऑर्बिटल इनक्लिनेशन वाले कक्षा में पहुंचने का लक्ष्य रखा गया है।

स्काईरूट की सफल उड़ान

स्काईरूट अपनी दूसरी सफल उड़ान की तैयारियों में जोरो-शोरो से लगा है, लेकिन पहले भी स्काईरूट ने एक मिशन को सफलतापूर्वक पूरा किया है। 18 नवंबर, 2022 को कंपनी ने विक्रम एस (Vikram-S) की सफल सबऑर्बिटल उड़ान पूरी की थी, जो अंतरिक्ष तक पहुंचने वाला पहला निजी रॉकेट बना था।

Anurag Gupta
अनुराग गुप्ताauthor

अनुराग गुप्ता टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में सीनियर कॉपी एडिटर के रूप में कार्यरत हैं और मीडिया में 9 वर्षों का अनुभव रखते हैं। जर्नलिज़्म में मास्टर्स डिग्री हासिल करने के बाद से ही वे न्यूजरूम के विभिन्न आयामों—कॉपी एडिटिंग, कंटेंट क्यूरेशन और रियल-टाइम न्यूज मॉनिटरिंग में दक्षता के साथ काम कर रहे हैं। राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और ब्रेकिंग न्यूज पर उनकी मजबूत पकड़ है। अनुराग खबरों की बारीकियों को समझने, फैक्ट चेकिंग और स्टोरी के अहम पहलुओं को पाठकों तक सरल भाषा में पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने अब तक 10 हजार से अधिक खबरें प्रकाशित की हैं, जिनमें ब्रेकिंग अपडेट्स, एनालिटिकल कंटेंट, स्पेशल स्टोरीज और न्यूज एक्सप्लेनर्स शामिल हैं।

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