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PM Modi Speech: कई मायनों में ऐतिहासिक होगा स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम, 2047 तक का रोडमैप पेश कर सकते हैं PM मोदी

  • Reported by: अमित कुमार
  • Updated Aug 14, 2023, 03:09 PM IST

PM Modi Speech: देश आज़ादी के 76 साल का जश्न मना रहा है और 77वें साल में प्रवेश कर रहा है। इसी के चलते लाल किले पर होने वाला कार्यक्रम बेहद खास होने वाला है। पहली बार ध्वजारोहण के दौरान दिए जाने वाली 21 तोपों की सलामी पूरी तरह से स्वदेशी तोपों से दी जाएगी।

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ऐतिहासिक होगा इस बार का स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम

Photo : BCCL

PM Modi Speech: लाल किले से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 2024 का न सिर्फ एजेंडा सेट करेंगे बल्कि अगले 25 साल यानी कि 2047 के विकास का ब्लूप्रिंट भी लोगों के सामने रखेंगे। जी हां लोकसभा चुनाव 2024 से पहले 15 अगस्त को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का लाल किले के प्राचीर से स्वतंत्रता दिवस पर आखरी संबोधन होगा। अगले साल चुनाव है ऐसे में लाल किले से पीएम मोदी सरकार के 9 साल की उपलब्धियों के साथ उन योजनाओं का जिक्र करेंगे जो 2024 में जीत की पटकथा लिखेगा। माना जा रहा है कि पीएम मोदी के लाल किले से भाषण के मूल में होगा- उनकी यानी एनडीए की सरकार गरीब, पिछडों की सरकार है।

पीएम मोदी इन मुद्दों पर कर सकते हैं फोकस

  • मणिपुर में शांति की अपील के साथ पूर्वोत्तर के लिए बड़ा एलान कर सकते है पीएम मोदी, सीमाव्रती इलाके में इंफ्रास्ट्रक्चर के कामो में कैसे तेजी आई और क्या क्या हुआ उसके बारे में बता सकते हैं।
  • अंग्रेजो के जमाने के सीआरपीसी और आईपीसी कानून को बदलने के नए बिल की बात करते हुए पीएम मोदी ये भी बताएंगे कि 2047 तक देश गुलामी के सभी प्रतीकों से छुटकारा पा लेगा।
  • पीएम मोदी इस बात का जिक्र भी कर सकते हैं कि कैसे 9 साल में उनकी सरकार पर भ्रष्टाचार के एक भी आरोप नहीं लगे और भ्रष्टाचार को रोकने के लिए एनडीए की सरकार ने कठोर कदम उठाए।
  • 370 के बाद बदले हुए जम्मू कश्मीर में लहरा रहे तिरंगे और बदल रहे माहौल का जिक्र भी पीएम मोदी कर सकते हैं। इसके साथ ही पाकिस्तान और चीन को भी कड़ा संदेश दे सकते हैं।
  • देश के आदिवासियों, अन्य पिछड़े वर्ग के लोगों और खासकर महिलाओं के लिए लाल किले से बड़े ऐलान कर सकते हैं पीएम मोदी।
  • इसके अलावा अपनी अगली सरकार में भारत दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था कैसे बनेगी, इसका भी जिक्र कर सकते हैं पीएम मोदी।

कौन होगा खास मेहमान

देश आज़ादी के 76 साल का जश्न मना रहा है और 77वें साल में प्रवेश कर रहा है। इसी के चलते लाल किले पर होने वाला कार्यक्रम बेहद खास होने वाला है। पहली बार ध्वजारोहण के दौरान दिए जाने वाली 21 तोपों की सलामी पूरी तरह से स्वदेशी तोपों से दी जाएगी। जन भागीदारी के तहत पूरे देश से अलग-अलग व्यवसाय से जुड़े कुल 1800 अतिथियों को उनके परिवार के साथ आमंत्रित किया गया है। इनमें 660 से ज्यादा वाइब्रेंट विलेज के 400 से ज्यादा सरपंच शामिल हैं। किसान उत्पादक संगठन योजना से 250 किसान, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना और प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना के 50-50 प्रतिभागी, नए संसद भवन सहित सेंट्रल विस्टा परियोजना के 50 श्रम योगी, 50-50 खादी कार्यकर्ता, सीमा सड़कों के निर्माण, अमृत सरोवर और हर घर जल योजना के निर्माण में शामिल लोग। इसके अलावा 50-50 प्राथमिक विद्यालय के शिक्षक, नर्स और मछुआरे शामिल हैं। राज्य/ केन्द्र शासित प्रदेश से 75 जोड़ों को भी उनकी पारंपरिक पोशाकों में लाल किले पर समारोह देखने के लिए आमंत्रित किया गया है।

सेल्फी पॉइंट

इसके अलावा इस बार 12 अलग अलग जगह पर सेल्फ़ी प्वाइंट भी बनाए गए हैं, जहां लोग आजादी के 76वें सालगिरह को यादगार बना सकते हैं। यही नहीं 10,000 का इनाम भी जीत सकते हैं। ये सेल्फ प्वाइंट राष्ट्रीय युद्ध स्मारक, इंडिया गेट, विजय चौक, नई दिल्ली रेलवे स्टेशन, प्रगति मैदान, राज घाट, जामा मस्जिद मेट्रो स्टेशन, राजीव चौक मेट्रो , दिल्ली गेट मेट्रो स्टेशन, आईटीओ मेट्रो गेट, नौबत खाना और शीश गंज गुरुद्वारा सहित 12 जगहों पर सरकार की अलग-अलग योजनाओं को समर्पित, सेल्फी पॉइंट स्थापित किए गए हैं। इस समारोह के हिस्से के तौर पर रक्षा मंत्रालय द्वारा 15-20 अगस्त तक MyGov पोर्टल पर एक ऑनलाइन सेल्फी प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी। प्रतियोगिता में भाग लेने वालों के लिए 12 में से एक या अधिक इंस्टॉलेशन पर सेल्फी लेने और उन्हें MyGov प्लेटफॉर्म पर अपलोड करना होगा और हर इंस्टॉलेशन से एक यानी कुल बारह विजेताओं का चयन ऑनलाइन सेल्फी प्रतियोगिता के आधार पर किया जाएगा, जिन्हें 10,000 रुपये की पुरस्कार राशि दी जाएगी। इस बार आधिकारिक निमंत्रण पत्र भी ऑनलाइन ही दिए गए है। कुल 17000 इंविटेशन इस साल बांटे गए हैं।

अमित कुमार
अमित कुमारauthor

20 साल का टीवी पत्रकारिता का अनुभव। झूठ , फरेब और तमाशे पर नहीं सिर्फ खबर पर नज़र। राजनीतिक खबरों पर पहली पकड़। देश की राजनीति समझनी है तो आइए मेरे साथ

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