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West Bengal Hospital: मुर्शिदाबाद मेडिकल कॉलेज बना बच्चों के लिए 'कब्रगाह'! 24 घंटे में 9 नवजातों की मौत

  • Edited by: शिशुपाल कुमार
  • Updated Dec 8, 2023, 11:02 PM IST

West Bengal Hospital: पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद मेडिकल कॉलेज के अधिकारियों ने बताया कि 10 बच्चों में से तीन का जन्म अस्पताल में हुआ था और सात को इलाज के लिए अन्य चिकित्सा सुविधाओं से वहां लाया गया था।

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मुर्शिदाबाद मेडिकल कॉलेज में 10 नवजातों की मौत

Photo : ANI

West Bengal Hospital: पश्चिम बंगाल का एक मेडिकल कॉलेज बच्चों के लिए कब्रगाह बनता दिख रहा है। एक के बाद एक 10 नवजात बच्चों की मौत हो गई है। मुर्शिदाबाद मेडिकल कॉलेज में पिछले 24 घंटे में 9 नवजातों की मौत हो चुकी है। जिसके बाद से बंगाल सरकार की स्वास्थ्य व्यवस्था सवालों के घेरे में है।

मुर्शिदाबाद मेडिकल कॉलेज में लगातार मौतें

पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद मेडिकल कॉलेज के अधिकारियों ने बताया कि 10 बच्चों में से तीन का जन्म अस्पताल में हुआ था और सात को इलाज के लिए अन्य चिकित्सा सुविधाओं से वहां लाया गया था। वरिष्ठ अधिकारी ने यह भी बताया कि मरने वाले नौ नवजात शिशुओं में से दो जन्मजात हृदय रोग से पीड़ित थे, एक को जन्मजात न्यूरोलॉजिकल समस्या थी, दो सेप्टीसीमिया से पीड़ित थे, तीन का जन्म के समय कम वजन था और एक को जन्मजात समस्या के साथ-साथ जन्म के समय भी कम वजन की समस्या थी।

सुविधाओं की कमी

अधिकारियों के अनुसार, उचित सुविधाओं की कमी के कारण शिशुओं को जंगीपुर उप-मंडल अस्पताल में एसएनसीयू (विशेष नवजात देखभाल इकाई) से मुर्शिदाबाद मेडिकल कॉलेज में स्थानांतरित कर दिया गया था। मुर्शिदाबाद मेडिकल कॉलेज अस्पताल के प्रिंसिपल प्रोफेसर अमित दान ने कहा- "पिछले 24 घंटों में नौ बच्चों की मौत हो गई है। हमने एक जांच समिति बनाई है। प्रारंभिक जांच के आधार पर, अधिकांश बच्चे कुपोषण के शिकार पाए गए और उनका वजन 300-500 ग्राम था। उनमें से एक को दिल की गंभीर समस्या थी जन्म से। हमारे पास यहां उसके इलाज की ऐसी सुविधा नहीं है और हमारे पास उसे इलाज कराने के लिए सुविधा में ले जाने का समय नहीं था।"

क्या बोला अस्पताल

आगे उन्होंने कहा कि एक और समस्या यह है कि पीडब्ल्यूडी में जंगीपुर अस्पताल में काम चल रहा है और वहां के सभी मरीजों को हमारे पास भेजा जा रहा है। हमारे पास 129 बिस्तर और 300 मरीज हैं। हम अपनी तरफ से पूरी कोशिश कर रहे हैं लेकिन हम सभी बच्चों को बचाने में सक्षम नहीं हैं।

शिशुपाल कुमार
शिशुपाल कुमारauthor

शिशुपाल कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क में कार्यरत एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें 13 वर्षों का अनुभव हासिल है। राजनीतिक, अंतरराष्ट्रीय और क्राइम रिपोर्टिंग में गहरी रुचि और मजबूत पकड़ के साथ वे समाचारों की बारीकियों को समझने और उन्हें प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं। शिशुपाल ने अपने करियर की शुरुआत एक इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिस्ट के रूप में की, जहां उन्होंने प्रोडक्शन से लेकर ग्राउंड रिपोर्टिंग तक पत्रकारिता के कई महत्वपूर्ण पहलुओं में काम किया। फील्ड रिपोर्टिंग और डेस्क दोनों स्तरों पर उनकी दक्षता है। अब तक शिशुपाल कुमार 15,000 से अधिक खबरें प्रकाशित कर चुके हैं। वह ब्रेकिंग न्यूज, रियल-टाइम कवरेज, डेटा-आधारित विश्लेषण और एक्सप्लेनर लिखने में खास महारत रखते हैं। उनकी स्टोरीज तथ्यों की सटीकता और सहज भाषा की वजह से पाठकों पर मजबूत प्रभाव छोड़ती हैं।

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