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​Nashik Kumbh Mela: कुंभ की बैठक में साधु-संत हुए आक्रामक, त्र्यंबक राज की प्रतिकृति-मुखौटे पर साधु-संत नाराज​

नासिक में कुंभ मेले की तैयारियों को लेकर हुई बैठक में त्र्यंबकेश्वर के साधु-संतों और महंतों ने त्र्यंबक राज की प्रतिकृति और मुखौटे को लेकर नाराजगी जताई, जिसके बाद बैठक में हंगामा हो गया। बैठक में कुंभ मेला मंत्री गिरीश महाजन, जनप्रतिनिधि, साधु-संत और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद थे। यह बैठक 31 अक्टूबर को होने वाले ध्वजारोहण समारोह की तैयारियों को लेकर बुलाई गई थी।

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Nashik Kumbh Mela: त्र्यंबक राज की प्रतिकृति और मुखौटे को लेकर संतों ने जताई आपत्ति

कुंभ मेले की तैयारियों को लेकर बुलाई गई बैठक के दौरान जमकर हंगामा हुआ। बैठक शुरू होते ही त्र्यंबकेश्वर के साधु-संत और महंत आक्रामक हो गए। दरअसल, बैठक में रखी गई त्र्यंबक राज की प्रतिकृति और मुखौटे को लेकर साधु-संतों ने नाराजगी जताई। खास बात यह रही कि जिस वक्त बैठक में विवाद और हंगामा हुआ, उस दौरान कुंभ मेला मंत्री गिरीश महाजन भी मौजूद थे। साधु-संतों की नाराजगी के बाद बैठक का माहौल गर्मा गया।

31 अक्टूबर के ध्वजारोहण की तैयारियों को लेकर थी बैठक

जानकारी के मुताबिक, 31 अक्टूबर को होने वाले ध्वजारोहण समारोह की तैयारियों को लेकर यह बैठक बुलाई गई थी। बैठक में जनप्रतिनिधियों के अलावा साधु-संत, महंत और प्रशासनिक अधिकारी भी मौजूद थे। बैठक में जैसे ही त्र्यंबक राज की प्रतिकृति और मुखौटे का मुद्दा सामने आया, साधु-संतों ने इसका विरोध शुरू कर दिया। देखते ही देखते बैठक में हंगामे की स्थिति बन गई।

साधु-संतों की नाराजगी के बाद गरमाया माहौल

त्र्यंबकेश्वर के साधु-संतों की आपत्ति के बाद बैठक में काफी देर तक माहौल तनावपूर्ण रहा। फिलहाल, हंगामे की पूरी वजह और साधु-संतों की आपत्तियों को लेकर विस्तृत जानकारी सामने आना बाकी है। अधिकारियों और आयोजन से जुड़े लोगों की ओर से मामले पर क्या स्पष्टीकरण दिया जाता है, इस पर नजर है।

Piyush Kumar
पीयूष कुमारauthor

पीयूष कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क पर Senior Copy Editor के रूप में कार्यरत हैं। देश-दुनिया की हलचल पर उनकी पैनी नजर रहती है और इन घटनाओं को सटीक, सरल और असरदार अंदाज में खबरों की भाषा देना उनकी सबसे बड़ी ताकत है। ब्रेकिंग न्यूज की रफ्तार हो या किसी जटिल मुद्दे को आसान बनाकर समझाने वाले एक्सप्लेनर—पीयूष दोनों में बराबर दक्षता रखते हैं। न्यूज जजमेंट, फैक्ट-बेस्ड राइटिंग और एंड-टू-एंड कॉपी प्रोडक्शन पर इनकी पकड़ मजबूत है और अबतक 4,000 से अधिक स्टोरी लिख चुके हैं।

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