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Mukhtar Ansari: आज होगा माफिया मुख्तार अंसारी की किस्मत का फैसला, 15 साल पुराने मामले में मिलेगा 'न्याय'

  • Authored by: शिशुपाल कुमार
  • Updated Apr 29, 2023, 12:44 AM IST

Mukhtar Ansari: कृष्णानंद राय मुहम्मदाबाद से विधायक थे। कृष्णानंद राय की हत्या 29 जून 2005 को हुई थी। इस हमले में उनके छह साथी भी मारे गए थे। तब हत्यारों ने 400 राउंड गोलियां चलाईं थी। घटना के बाद पोस्टमॉर्टम के दौरान राय के शरीर से 67 गोलियां निकाली गईं।

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मुख्तार अंसारी पर आज आएगा फैसला

Mukhtar Ansari: यूपी के दो माफिया डॉन जो बाद में नेता बने और आंतक का पर्याय भी। एक अतीक अहमद और दूसरा मुख्तार अंसारी। अतीक अहमद मारा जा चुका है और मुख्तार अंसारी की किस्मत का फैसला शनिवार यानि कि आज 29 अप्रैल को आने वाला है।

क्या है मामला

अतीक अहमद पर 2007 में गैंगेस्टर एक्ट के तहत मामला दर्ज हुआ था, जिसपर आज फैसला आना है। साल 2007 में मुख्तार अंसारी और उनके भाई अफजाल अंसारी के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया था। इस केस में 2005 कृष्णानंद राय मर्डर केस और नंद किशोर रुंगटा अपहरण मामले को आधार बनाया गया था। गाजीपुर की एमपी-एमएलए कोर्ट ने इस मामले में फैसला सुनाने वाली है।

आने वाला था पहले ही फैसला

इस मामले में सुनवाई और बहस पूरी हो चुकी है। इस पर बस फैसला सुनाया जाना है। पहले 15 अप्रैल को फैसला आना था, बाद में 29 अप्रैल की डेट फैसले के लिए फिक्स की गई। अतिरिक्त जिला शासकीय अधिवक्ता (फौजदारी) गाजीपुर नीरज श्रीवास्तव के अनुसार कोर्ट के आदेश की तिथि इसलिए स्थगित कर दी गई, क्योंकि एमपी-एमएलए कोर्ट के पीठासीन अधिकारी शनिवार, 15 अप्रैल 2023 को उपस्थित नहीं थे।

मामले में क्या हुआ

मुख्तार अंसारी और अफजाल अंसारी दोनों भाई कृष्णानंद राय मर्डर केस में 2019 में बरी हो चुके हैं। मुख्तार अंसारी, नंद किशोर रुंगटा केस में भी बरी है। लेकिन गैंगस्टर केस में सजा सुनाई जानी है। स्थानीय लोगों के मुताबिक दोनों भाई कृष्णानंद राय मर्डर केस में रसूख का इस्तेमाल कर गवाहों पर दवाब बना कर गवाही नहीं होने दी और उसका फायदा उन्हें अदालती फैसले में मिला।

कृष्णानंद राय हत्याकांड

कृष्णानंद राय मुहम्मदाबाद से विधायक थे। कृष्णानंद राय की हत्या 29 जून 2005 को हुई थी। इस हमले में उनके छह साथी भी मारे गए थे। तब हत्यारों ने 400 राउंड गोलियां चलाईं थी। घटना के बाद पोस्टमॉर्टम के दौरान राय के शरीर से 67 गोलियां निकाली गईं। इस मामले में आरोप मुख्तार अंसारी और उसके भाई पर लगा।

शिशुपाल कुमार
शिशुपाल कुमारauthor

शिशुपाल कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क में कार्यरत एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें 13 वर्षों का अनुभव हासिल है। राजनीतिक, अंतरराष्ट्रीय और क्राइम रिपोर्टिंग में गहरी रुचि और मजबूत पकड़ के साथ वे समाचारों की बारीकियों को समझने और उन्हें प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं। शिशुपाल ने अपने करियर की शुरुआत एक इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिस्ट के रूप में की, जहां उन्होंने प्रोडक्शन से लेकर ग्राउंड रिपोर्टिंग तक पत्रकारिता के कई महत्वपूर्ण पहलुओं में काम किया। फील्ड रिपोर्टिंग और डेस्क दोनों स्तरों पर उनकी दक्षता है। अब तक शिशुपाल कुमार 15,000 से अधिक खबरें प्रकाशित कर चुके हैं। वह ब्रेकिंग न्यूज, रियल-टाइम कवरेज, डेटा-आधारित विश्लेषण और एक्सप्लेनर लिखने में खास महारत रखते हैं। उनकी स्टोरीज तथ्यों की सटीकता और सहज भाषा की वजह से पाठकों पर मजबूत प्रभाव छोड़ती हैं।

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