कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने मंगलवार (29 नवंबर, 2022) को मध्य प्रदेश के उज्जैन में भगवान शिव के प्रसिद्ध और प्राचीन महाकाल मंदिर में पूजा की। शाम लगभग पांच बजे मंदिर प्रांगण में वह तपस्वी वाले अवतार में नजर आए। रुद्राक्ष की माला धारण किए गांधी उस दौरान सफेद धोती और लाल रंग के अंगवस्त्र में थे।
मंदिर में नंदी हॉल से उन्होंने बाबा को दंडवत प्रणाम किया। वह गर्भ गृह में भी गए, जहां लगभग 13 मिनट तक उन्होंने बाबा की उपासना की। राहुल ने इस दौरान शिवलिंग पर बेल पत्र, गुलाल और बाकी पूजा सामग्री के साथ दूध भी चढ़ाया और हाथ जोड़ कर उनके सामने प्रार्थना की। महाकाल के दरबार में राहुल जब पूजा कर रहे थे, तब बाकी कांग्रेस नेता नंदी हॉल में थे।
पूजा के बाद गर्भ गृह से बाहर आने के बाद गांधी ने बाहर नंदी की पूजा की और उनकी प्रतिमा के कान में कुछ कहा। वह नंदी (भगवान शिव का वाहन माने जाने वाले पवित्र बैल) की मूर्ति के पास भी कुछ देर बैठे। अनुष्ठान करने के बाद गांधी ने मंदिर के गर्भगृह के सामने दंडवत प्रणाम किया था।
दरअसल, गांधी अपने नेतृत्व वाली भारत जोड़ो यात्रा के तहत महाकाल की नगरी में थे। उन्होंने मंदिर के पुजारियों के मार्गदर्शन में सारे अनुष्ठान किए, जबकि इस बीच पुजारियों ने उन्हें अंगवस्त्रम् भेंट किया था।
भारत जोड़ो यात्रा के 23 नवंबर को मध्य प्रदेश राज्य में प्रवेश करने के बाद गांधी ने राज्य में भगवान शिव के दूसरे ज्योतिर्लिंग मंदिर में दर्शन-पूजन किया। गांधी, बहन प्रियंका गांधी वाड्रा और उनकी फैमिली के सदस्यों ने शुक्रवार को खंडवा जिले के प्रसिद्ध ओंकारेश्वर मंदिर में 'मां नर्मदा' की आरती की थी। राहुल ने बाद में प्रसिद्ध शिव मंदिर में पूजा-अर्जना की थी, जो देश के 12 'ज्योतिर्लिंगों' में से एक है।
