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मीनाक्षी लेखी ने लोकसभा में हमास से जुड़े लिखित प्रश्न और उत्तर के अनुमोदन से इनकार किया, विपक्ष ने घेरा

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Dec 9, 2023, 05:17 PM IST

Meenakshi Lekhi: संसद के निचले सदन में कन्नूर का प्रतिनिधित्व करने वाले सुधाकरन ने पूछा था कि क्या सरकार के पास हमास को भारत में आतंकवादी संगठन घोषित करने का कोई प्रस्ताव है, अगर हां, तो उसका विवरण और यदि नहीं, तो क्या कारण हैं?

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मीनाक्षी लेखी

Photo : PTI

Meenakshi Lekhi: फलस्तीनी समूह हमास को आतंकवादी संगठन घोषित करने के बारे में लोकसभा में पूछे गए सवाल को लेकर केंद्रीय मंत्री मीनाक्षी लेखी की प्रतिक्रिया सामने आने के बाद नया विवाद छिड़ गया है। मीनाक्षी लेखी ने शनिवार को कहा कि उन्होंने फलस्तीनी समूह हमास को आतंकवादी संगठन घोषित करने के बारे में लोकसभा में पूछे गए किसी भी सवाल के जवाब का अनुमोदन नहीं किया है। विपक्ष ने इस मामले में जांच की मांग की है। विदेश राज्य मंत्री ने हमास को आतंकवादी संगठन घोषित करने से संबंधित लोकसभा में पूछे गए लिखित प्रश्न एवं उसके उत्तर को लेकर ट्विटर पर कहा, आपको गलत जानकारी दी गई है क्योंकि मैंने इस प्रश्न और इस उत्तर वाले किसी भी कागज पर हस्ताक्षर नहीं किए हैं। अतारांकित प्रश्न क्रमांक 980 कांग्रेस सांसद कुंभकुडी सुधाकरन ने पूछा था।

प्रियंका चतुर्वेदी ने लेखी को घेरा

इस प्रश्न के लिखित उत्तर में लेखी के हवाले से कहा गया था, किसी संगठन को आतंकवादी घोषित करना गैरकानूनी गतिविधि रोकथाम अधिनियम के तहत आता है और किसी भी संगठन को आतंकवादी घोषित करने के बारे में संबंधित सरकारी विभागों द्वारा अधिनियम के प्रावधानों के अनुसार विचार किया जाता है। शिवसेना (यूबीटी) की राज्यसभा सदस्य प्रियंका चतुर्वेदी ने इस मामले को लेकर ट्वीट किया, क्या वह (लेखी) यह दावा कर रही हैं कि यह एक जाली जवाब है, यदि हां तो यह एक गंभीर मामला और तय नियमों का उल्लंघन है। स्पष्टीकरण मिलता है तो विदेश मंत्रालय की आभारी रहूंगी।

कांग्रेस सांसद ने पूछा था सवाल

संसद के निचले सदन में कन्नूर का प्रतिनिधित्व करने वाले सुधाकरन ने पूछा था कि क्या सरकार के पास हमास को भारत में आतंकवादी संगठन घोषित करने का कोई प्रस्ताव है, अगर हां, तो उसका विवरण और यदि नहीं, तो क्या कारण हैं? उन्होंने यह भी पूछा था कि क्या इजराइल सरकार ने हमास को आतंकवादी संगठन घोषित करने के लिए भारत सरकार से कोई मांग उठाई है, यदि हां, तो उसका विवरण क्या है? प्रश्न का उत्तर शुक्रवार को दिया गया और यह लोकसभा वेबसाइट पर अतारांकित प्रश्नों की सूची में शामिल है।

लेखी ने कहा, जांच से अपराधी सामने आ जाएगा

जब ट्विटर पर एक यूजर ने जिक्र किया कि लोकसभा और विदेश मंत्रालय की वेबसाइटों पर उनके नाम से उल्लिखित प्रश्न है, तो लेखी ने कहा कि जांच से अपराधी का पता चल जाएगा। प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा कि किसी और के माध्यम से प्रश्न पूछने के कारण कल एक सांसद (महुआ मोइत्रा) को निष्कासित कर दिया गया, आज एक मंत्री ने इस बात से इनकार किया कि संसदीय प्रश्न का उत्तर उनके द्वारा अनुमोदित नहीं किया गया था, क्या इसकी भी जांच नहीं की जानी चाहिए? क्या जवाबदेही की मांग नहीं होनी चाहिए?, चाहे विदेश मंत्रालय की प्रतिक्रिया कितनी भी सहज क्यों न हो। कांग्रेस नेता अभिताभ दुबे ने कटाक्ष करते हुए लेखी से सवाल किया कि आपके लिए किसने लॉग इन किया? (भाषा इनपुट)

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