Manipur Viral Video Case: मणिपुर में दो महिलाओं की नग्न परेड कराने के मामले में सीबीआई ने जांच शुरू कर दी है। शनिवार को सीबीआई ने आधिकारिक रूप से यह मामला अपने हाथ में ले लिया। इस मामले पुलिस पहले ही सात आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है।
सीबीआई ने दर्ज की एफआईआर
मणिपुर में दो महिलाओं के खिलाफ यौन उत्पीड़न और हिंसा के मामले में गृह मंत्रालय के निर्देश पर सीबीआई ने एफआईआर दर्ज की है। सीबीआई ने धारा 153ए, 398, 427, 436, 448, 302, 354, 364, 326, 376, 34 आईपीसी और 25 (1-सी) ए एक्ट के तहत एफआईआर दर्ज की है।
सात आरोपी गिरफ्तार
इस मामले में सात आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है और जिस मोबाइल फोन से वीडियो शूट किया गया था उसे भी बरामद कर लिया गया है। अब सीबीआई मामले की जांच करेगी और आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ करेगी, पीड़ितों के बयान दर्ज करेगी और घटनास्थल का निरीक्षण भी करेगी।
सरकार ने क्या कहा
गृह मंत्रालय (एमएचए) ने गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट को सूचित किया था कि जांच एजेंसी केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) मणिपुर वायरल वीडियो की जांच अपने हाथ में लेगी। सरकार ने यह भी कहा था कि महिलाओं के खिलाफ अपराधों के प्रति उसकी "जीरो टॉलरेंस की नीति" है और सुप्रीम कोर्ट से अनुरोध किया कि वह मुकदमा मणिपुर के बाहर चलाने का निर्देश दे। केंद्रीय गृह सचिव अजय भल्ला द्वारा सुप्रीम कोर्ट में पेश किए गए हलफनामे में केंद्र ने कहा कि मामले को सीबीआई को सौंपने का निर्णय मणिपुर सरकार से परामर्श के बाद किया गया।
क्या है मामला
मणिपुर में कुकी-ज़ोमी समुदाय की दो महिलाओं को भीड़ द्वारा नग्न घुमाने का दो महीने पुराना वीडियो 19 जुलाई को इंटरनेट पर सामने आया था। जिसके बाद पूरे देश में हलचल मच गई और सरकार विपक्ष के निशाने पर आ गई।
