देश

फुकेट पहुंचने के बाद RAW के रडार पर थे लूथरा ब्रदर्स, उनकी हर चाल पर थी खुफिया एजेंसी की नजर

एजेंसी को आशंका थी कि ये चकमा देने की कोशिश कर सकते हैं, इसलिए एजेंसी के लोग लागातर उनपर नजर रख रहे थे और उनकी हर गतिविधि की निगरानी की जा रही थी। एजेंसियों की आंख में धूल झोंकने की कोशिश कर रहे दोनों भाइयों को अब कानून का सामना करना होगा।

lathura brothers

फुकेट में पकड़े गए हैं लथूरा ब्रदर्स। तस्वीर-PTI

Photo : PTI

Luthra brothers in Custody: गोवा अग्निकांड के 'गुनहगार' भाई सौरव और गौरव लथूरा पर कानूनी शिकंजा कस गया है। दोनों भाई थाईलैंड में हिरासत में ले लिए गए हैं। सूत्रों का कहना है कि दोनों को भारत लाने के लिए गोवा पुलिस की एक टीम जल्द ही थाईलैंड रवाना होगी। लूथरा ब्रदर्स का पकड़ा जाना गोवा अग्निकांड केस में बड़ी कामयाबी मानी जा रही है। अगर ये पकड़े नहीं जाते तो ये कहीं ऐसे देश में शरण ले सकते थे जहां से इन्हें प्रत्यर्पित कराना भारतीय एजेंसियों के लिए टेढ़ी खीर साबित होदी।

इनकी हर चाल पर थी RAW की नजर

सूत्रों का कहना है कि भारतीय सुरक्षा एवं खुफिया एजेंसियों को जैसी ही इस बात की जानकारी मिली कि दोनों भाई फुकेट में हैं, वे सक्रिय हो गईं। खासकर रिसर्च एंड एनालिसिस विंग (RAW) के रडार पर दोनों भाई आ गए। ब्लू कॉर्नर नोटिस जारी होने और उनका लोकेशन ट्रेन होने के बाद दोनों भाई RAW के अधिकारियों की लगातार निगरानी में थे। एजेंसी को आशंका थी कि ये चकमा देने की कोशिश कर सकते हैं, इसलिए एजेंसी के लोग लागातर उनपर नजर रख रहे थे और उनकी हर गतिविधि की निगरानी की जा रही थी। एजेंसियों की आंख में धूल झोंकने की कोशिश कर रहे दोनों भाइयों को अब कानून का सामना करना होगा।

7 दिसंबर की सुबह दिल्ली से फरार हुए

‘बर्च बाय रोमियो लेन’ नाइट क्लब में छह दिसंबर की रात आग लगी और आग की इस घटना में 25 लोगों की मौत हुई। इस घटना के बाद सात दिसंबर के तड़के दोनों भाई दिल्ली से इंडिगो की फ्लाइट पकड़कर फुकेट फरार हो गए। इसके बाद से ही भारतीय सुरक्षा एजेंसियों ने इन पर नकेल कसना शुरू कर दिया। इससे पहले दिल्ली की एक अन्य अदालत ने गोवा पुलिस को ‘बर्च बाय रोमियो लेन’ नाइट क्लब के सह मालिक अजय गुप्ता की 36 घंटे की ट्रांजिट रिमांड की अनुमति दे दी। आरोपियों की ट्रांजिट अग्रिम जमानत याचिका पर सुनवाई कर रहीं रोहिणी जिला अदालत की अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश वंदना ने गोवा पुलिस से जवाब मांगा और अगली सुनवाई बृहस्पतिवार के लिए तय की।

दोनों भाइयों ने अग्रिम जमानत का अनुरोध किया था

लूथरा बंधुओं ने कहा है कि वे केवल लाइसेंसधारी हैं, न कि उस इमारत के वास्तविक मालिक जहां क्लब स्थित था। दोनों भाइयों ने चार सप्ताह की अग्रिम जमानत का अनुरोध किया था ताकि थाईलैंड से दिल्ली लौटने के तुरंत बाद उन्हें गिरफ्तार न किया जाए। ट्रांजिट अग्रिम जमानत याचिकाओं की सुनवाई के दौरान, लूथरा बंधुओं की ओर से पेश हुए वकील ने उनके भाग जाने के आरोप का खंडन करते हुए कहा कि वे व्यापारिक बैठक के लिए थाईलैंड गए थे। वकील ने कहा कि उन पर किसी भी प्रकार की जिम्मेदारी नहीं बनती, यहां तक कि अप्रत्यक्ष रूप से भी नहीं।

8 दिसंबर को लूथरा भाइयों के घर गई थी पुलिस

लूथरा बंधुओं की ओर से पेश वकील ने कहा, ‘मेरे अन्य रेस्तरां ध्वस्त कर दिए गए हैं। अधिकारी और यहां तक कि मीडिया भी मेरे पीछे पड़े हैं।’ गोवा पुलिस की ओर से पेश हुए वकील ने अंतरिम सरंक्षण का विरोध करते हुए कहा कि लुथरा बंधुओं के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किए गए हैं और घटना के बाद वे फरार हो गए। पुलिस ने बताया कि जब पुलिस आठ दिसंबर को लूथरा बंधुओं के घर गई, तो उनके परिवार ने उनके ठिकाने के बारे में अनभिज्ञता जताई। इसके बाद अदालत ने राज्य को जमानत याचिकाओं पर जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया।

देश और दुनिया की ताजा ख़बरें (News in Hindi) पढ़ें हिंदी में और देखें छोटी बड़ी सभी न्यूज़ Times Now Navbharat Live TV पर। देश (India News) अपडेट और चुनाव (Elections) की ताजा समाचार के लिए जुड़े रहे Times Now Navbharat से ।

आलोक कुमार राव
आलोक कुमार राव author

19 वर्षों से मीडिया जगत में सक्रिय आलोक राव ने प्रिंट, न्यूज एजेंसी, टीवी और डिजिटल चारों ही माध्यमों में काम किया है। इस लंबे अनुभव ने उन्हें समाचारो... और देखें

End of Article