देश

मेरी इच्छा है कि मेरे भाई की सभी इच्छाएं पूरी हों, अजीत पवार के बयान पर बोलीं सुप्रिया सुले

  • Authored by: रामानुज सिंह
  • Updated Jun 22, 2023, 12:42 PM IST

राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के सीनियर नेता अजित पवार ने महाराष्ट्र विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष की जिम्मेदारी छोड़कर पार्टी में कोई भूमिका चाहते हैं। उनकी बहन और एनसीपी कार्यकारी अध्यक्ष सुप्रिया सुले ने कहा कि एक बहन के रूप में मेरी इच्छा है कि मेरे भाई की सभी इच्छाएं पूरी हों। लेकिन ये काम पार्टी को तय करना है।

Image

एनसीपी की कार्यकारी अध्यक्ष सुप्रिया सुले

राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के सीनियर नेता अजित पवार ने बुधवार को पार्टी नेतृत्व से अपील की कि वह उन्हें महाराष्ट्र विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष की जिम्मेदारी से मुक्त कर दे और उन्हें पार्टी संगठन में कोई भूमिका सौंपे। अजीत पवार पर बयान पर एनसीपी के कार्यकारी अध्यक्ष सुप्रिया सुले ने गुरुवार को कहा कि अजीत पवार को पद देने के बारे में फैसला पार्टी लेगी। उन्होंने कहा कि मेरी इच्छा है कि अजीत दादा की इच्छा पूरी हो, दादा को संगठन में मौका देना है या नहीं यह संगठनात्मक निर्णय है। मुझे बहुत खुशी है कि दादा भी संगठन में काम करना चाहते हैं। इससे कार्यकर्ताओं में उत्साह है। इससे पहले जयंत पाटिल, छगन भुजबल और अन्य नेताओं ने संगठन को इस पद से मजबूत किया है। एक बहन के रूप में मेरी इच्छा है कि मेरे भाई की सभी इच्छाएं पूरी हों।

अजित पवार ने मुंबई में आयोजित एनसीपी के 24 वें स्थापना दिवस कार्यक्रम में यह मांग रखी थी। अजित पवार ने कहा था कि मुझे बताया गया है कि मैं नेता प्रतिपक्ष के तौर पर सख्त व्यवहार नहीं करता हूं। उन्होंने कहा कि मुझे नेता प्रतिपक्ष के रूप में काम करने में कभी दिलचस्पी नहीं थी, लेकिन पार्टी विधायकों की मांग पर यह भूमिका स्वीकार की थी। अजित ने कहा कि उनकी मांग पर फैसला करना एनसीपी नेतृत्व पर निर्भर है। उन्होंने कहा कि मुझे पार्टी संगठन में कोई भी पद दे दें। मुझे जो भी जिम्मेदारी सौंपी जाएगी, उसके साथ पूरा न्याय करूंगा। गौर हो कि एनसीपी प्रमुख शरद पवार ने हाल ही में अपनी बेटी और सांसद सुप्रिया सुले को कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त कर महाराष्ट्र की जिम्मेदारी सौंपी थी, जबकि दूसरे कार्यकारी अध्यक्ष प्रफुल्ल पटेल को उन्होंने अन्य राज्यों की जिम्मेदारी दी।

अजित पवार ने कहा कि तेलंगाना के मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव के नेतृत्व वाली भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) और प्रकाश आंबेडर की अध्यक्षता वाली वंचित बहुजन आघाड़ी (वीबीए) को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2019 में वीबीए ने अकेले कांग्रेस-एनसीपी गठबंधन को नुकसान पहुंचाया था। हमें यह सुनिश्चित करना होगा कि समान विचारधारा वाले दलों के बीच मतों का विभाजन न हो। हम बीआरएस और वीबीए को नजरअंदाज नहीं कर सकते। अजित पवार ने मुंबई और विदर्भ में एनसीपी संगठन को मजबूत करने की आवश्यकता पर भी जोर दिया। एनसीपी नेताओं और पदाधिकारियों को संबोधित करते हुए नवनियुक्त कार्यकारी अध्यक्ष सुप्रिया सुले ने बूथ समितियों को मजबूत करने की जरूरत पर जोर दिया।

रामानुज सिंह
रामानुज सिंह author

रामानुज सिंह पत्रकारिता में दो दशकों का व्यापक और समृद्ध अनुभव रखते हैं। उन्होंने टीवी और डिजिटल—दोनों ही प्लेटफॉर्म्स पर काम करते हुए बिजनेस, पर्सनल ... और देखें

End of Article