सरवन सिंह पंधेर ने बताया कि किसानों ने राज्य और केंद्र द्वारा जानबूझकर उनकी मांगों के प्रति उदासीन रवैया अपनाने के खिलाफ दोपहर 12 बजे से अपराह्न तीन बजे तक कई स्थानों पर रेल पटरियां अवरुद्ध कर दीं।
12 ट्रेनें हुई रद्द
फिरोजपुर मंडल के रेलवे अधिकारियों के मुताबिक 52 स्थानों पर किसानों के विरोध प्रदर्शन के कारण 12 रेलगाड़ियों को रद्द कर दिया गया, जबकि दो रेलगाड़ियों की यात्रा उनके गंतव्य से पहले ही रोक दी गई। वहीं दो रेलगाड़ियों को उनके मूल स्टेशन के बजाय दूसरे स्टेशन से परिचालित किया गया। उन्होंने बताया कि किसानों के प्रदर्शन की वजह से 34 रेलगाड़ियां देरी से चल रही हैं।
अधिकारियों ने बताया कि रद्द की गई रेलगाड़ियों में जालंधर से होशियारपुर, अमृतसर से कादियान, पठानकोट से वेरका और होशियारपुर से जालंधर सिटी की रेलगाड़ी शामिल हैं। उन्होंने बताया कि देरी से चल रहीं ट्रेनों को उन स्थानों पर रोका गया जहां यात्रियों को चाय और भोजन मिल सके।
कहां-कहां पटरियों पर बैठे किसान?
प्रदर्शनकारी किसानों ने मोगा, फरीदकोट, कादियान और गुरदासपुर के बटाला सहित कई स्थानों पर रेल मार्गों को अवरुद्ध कर दिया। किसानों ने जालंधर में फिल्लौर; होशियारपुर में टांडा, दसूया, माहिलपुर; फरोजपुर में मक्खू, तलवंडी भाई; लुधियाना में साहनेवाल; पटियाला में शंभू; मोहाली; संगरूर में सुनाम और लेहरा, बठिंडा में रामपुरा फूल और अमृतसर में देवीदासपुरा में पटरियां बाधित कीं।
