Damascus cafe Blast: सीरिया की राजधानी दमिश्क के एक कैफे में हुए विस्फोट में कम से कम 9 लोगों के मारे जाने की खबर है। सीरिया की सरकारी मीडिया की रिपोर्ट के मुताबिक विस्फोट में 22 लोग भी घायल हुए हैं। रिपोर्ट में आंतरिक मंत्रालय के हवाले से कहा गया कि विस्फोटक को कैफे के भीतर लगाया गया था। विस्फोट जिस जगह हुआ वह स्थान हेजात जिले में स्थित महत्वपूर्ण सरकारी इमारत पैलेस ऑफ जस्टिस से केवल 100 मीटर दूर है। इससे पहले जून 2025 में राजधानी के एक चर्च पर आत्मघाती हमला हुआ था। इस हमले में 25 लोगों की मौत हुई।
IS पर हमले का शक
रिपोर्टों के मुताबिक दमिश्क के इस कैफे में हुए धमाके की जिम्मेदारी सराया अंसार अल-सुन्नाह ने ली है, हालांकि अधिकारियों ने इस हमले के लिए इस्लामिक स्टेट (आईएस) को जिम्मेदार ठहराया है। कैफे के बगल में चश्मे की दुकान चलाने वाले मोहम्मद अल-दहाबी ने बताया कि गुरुवार का यह धमाका उन्हें सीरिया के गृहयुद्ध के दौरान दमिश्क में हुए विस्फोटों की याद दिला गया।
धमाके से पूरा इलाका हिल गया
उन्होंने समाचार एजेंसी एएफपी से कहा, 'मुझे जोरदार झटका महसूस हुआ और पूरा इलाका हिल गया। मैं तुरंत घटनास्थल की ओर भागा, जहां लोगों को जमीन पर पड़ा देखा। चारों ओर खून ही खून फैला हुआ था।' सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में कैफे के बाहर बने बैठने वाले हिस्से (आउटडोर टेरेस) पर कम से कम दो लोग निश्चल पड़े दिखाई दे रहे हैं। घटनास्थल का दौरा करने पहुंचे दमिश्क के गवर्नर माहेर मरवान इदलिबी ने कहा कि इस खून-खराबे के जिम्मेदार लोगों को कड़ी सजा दी जाएगी।
दमिश्क में कई आतंकी हमले हो चुके हैं
उन्होंने कहा, 'जब-जब देश में स्थिरता का माहौल बनता है, तब-तब कुछ शरारती तत्व उसे अस्थिर करने की कोशिश करते हैं।' दिसंबर 2024 में इस्लामवादी नेतृत्व वाले विद्रोही बलों द्वारा बशर अल-असद की सरकार को हटाए जाने और 13 वर्षों तक चले विनाशकारी गृहयुद्ध के समाप्त होने के बाद से दमिश्क में कई आतंकी हमले हो चुके हैं। अंतरिम राष्ट्रपति अहमद अल-शरा सत्ता संभालने के बाद से पूरे देश पर नियंत्रण स्थापित करने और सुरक्षा व्यवस्था बहाल करने के लिए संघर्ष कर रहे हैं।
इस दौरान सरकारी बलों और सीरिया के अलावी तथा द्रूज़ धार्मिक अल्पसंख्यक समुदायों के सदस्यों के बीच कई बार सांप्रदायिक हिंसा भड़क चुकी है, जिसमें अनेक लोगों की जान गई है।
