पश्चिम बंगाल,राजस्थान और गोवा और केंद्रशासित प्रदेश पुडुचेरी और लक्षद्वीप के बाद तमिलनाडु और गुजरात में भी एसआईआर की प्रक्रिया पूरी हो गई है। चुनाव आयोग ने इन दोनों राज्यों की मसौदा मतदाता सूची जारी कर दी है। इस मसौदा सूची में तमिलनाडु और गुजरात में डेढ़ करोड़ से अधिक मतदाताओं के नाम हटा दिए गए हैं। एसआईआर की प्रक्रिया से पहले दोनों राज्यों में मतदाताओं की कुल संख्या 27 अक्टूबर तक 11.49 करोड़ थी। जिसमें से 1.71 करोड़ मतदाताओं के नाम हटा दिए गए हैं। जिसके बाद 9.78 करोड़ मतदाताओं के नाम मसौदा मतदाता सूची मे शामिल किए गए हैं।
गुजरात का ऐसा है हाल
विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) प्रक्रिया पूरी होने के बाद गुजरात की मसौदा मतदाता सूची से लगभग 74 लाख मतदाताओं के नाम हटा दिए गए हैं। इसके कारण वहां मतदाताओं की कुल संख्या पहले के 5.08 करोड़ के मुकाबले अब 4.34 करोड़ रह गई है।
राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ)हरीत शुक्ला ने बताया कि निर्वाचन आयोग द्वारा मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण अभियान के बाद कुल 73.73 लाख मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटा दिए गए। मतदाता सूची के मसौदा प्रकाशन से पहले राज्य में कुल 5,08,43,436 मतदाता पंजीकृत थे। इन सूचियों के प्रकाशन के बाद मतदाताओं की संख्या अब 4,34,70,109 हो गई है।
सीईओ कार्यालय से जारी बयान में कहा गया है कि जिन वोटरों के नाम हटाए गए हैं, उनमें मृत मतदाता (18,07,278),अनुपस्थित मतदाता (9,69,662),स्थायी रूप से पलायन कर चुके मतदाता (40,25,553),दो स्थानों पर पंजीकृत मतदाता (3,81,470)और अन्य (1,89,364)शामिल हैं।
तमिलनाडु के ये आंकड़ें
चुनाव आयोग ने बताया कि तमिलनाडु में अगले साल विधानसभा चुनाव होने हैं। यहां एसआईआर के दौरान 6.41 करोड़ मतदाताओं में से 5.43 करोड़ या 84.81 प्रतिशत ने अपने गणना प्रपत्र जमा किए हैं।
इससे तीन दिन पहले पश्चिम बंगाल, राजस्थान, गोवा, पुडुचेरी और लक्षद्वीप की भी ड्राफ्ट वोटर जारी हुई थी। इन तीन राज्यों और दो केंद्र शासित प्रदेशों की मतदाता सूची के मसौदे में लगभग 12.32 करोड़ मतदाताओं के नाम थे। एसआईआर प्रक्रिया 12 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में आयोजित की जा रही है,जहां अंतिम मतदाता सूची फरवरी में प्रकाशित की जाएगी|||
