Patanjali Ghee Row: कैसरगंज से पूर्व भारतीय जनता पार्टी के सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने योग गुरु बाबा रामदेव और पतंजलि के उत्पादों पर एक बार फिर तीखा जुबानी हमला किया है। अपने विश्नोहरपुर स्थित आवास पर पत्रकारों से बातचीत करते हुए पूर्व सांसद ने साफ किया कि अगर अदालत उन्हें इस मामले में सजा सुनाती है और जेल भेजती है, तो वे जमानत की अर्जी दाखिल नहीं करेंगे। उनका कहना है कि वे देश के लोगों को मिलावटी खाद्य पदार्थों के प्रति जागरूक करने के लिए सहर्ष जेल जाने को तैयार हैं।
पूरे विवाद की जड़ पतंजलि के घी को लेकर बृजभूषण द्वारा दिया गया बयान है। उन्होंने गणित समझाते हुए कहा कि जब 30 किलो दूध से 1 किलो शुद्ध घी बनता है और दूध की कीमत 30 रुपये किलो हो, तो लागत ही 900 रुपये बैठती है। ऐसे में कोई 500 रुपये में शुद्ध घी कैसे बेच सकता है? उन्होंने बाबा रामदेव को 'मिलावटखोरों का शहंशाह' तक कह डाला और आरोप लगाया कि बाजार में विदेशों से रिफाइंड कचरा लाकर बेचा जा रहा है, जिससे बीमारियां और कैंसर बढ़ रहा है।
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पतंजलि ने दर्ज कराया 50 करोड़ रुपये का मानहानि मुकदमा
बृजभूषण शरण सिंह के इन बयानों के बाद बाबा रामदेव की कंपनी पतंजलि ने उनके खिलाफ 50 करोड़ रुपये का मानहानि का मुकदमा दर्ज कराया है। मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में इस मामले की सुनवाई चल रही है। अदालत की कार्रवाई के बीच भी बृजभूषण अपने रुख पर कायम हैं।
जनता के स्वास्थ्य से जुड़ा गंभीर मुद्दा-बृजभूषण शरण सिंह
उन्होंने कहा कि वे किसी से डरने वाले नहीं हैं और यह बयान उन्होंने केवल चर्चा में रहने के लिए नहीं दिया है, बल्कि यह जनता के स्वास्थ्य से जुड़ा गंभीर मुद्दा है। उनका मानना है कि अगर वे जेल जाते हैं, तो इससे पूरे देश में नकली मावा, खोया, दही और तेल बेचने वालों के खिलाफ एक बड़ी जन-जागरूकता फैलेगी।
