Sharda Sinha Death News: जानी-मानी लोकगायिका शारदा सिन्हा अब हमारे बीच नहीं रही। दिल्ली के अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) में उनका निधन हो गया। वह लंबे समय से बीमार चल रही थीं। आज रात 9.20 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। मिली जानकारी के अनुसार शारदा सिन्हा का सेप्टीसीमिया के परिणामस्वरूप रिफ्रैक्टरी शॉक के कारण रात 9.20 बजे निधन हो गया।
Sharda Sinha Death News: एम्स में चल रहा था इलाज
शारदा सिन्हा की तबीयत खराब होने पर उन्हें एम्स में भर्ती किया गया। सेहत में सुधार न होने और हालत नाजुक होने पर उन्हें वेंटिलेटर पर रखा गया था। बिहार की इस स्वर कोकिला के स्वास्थ्य की जानकारी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी ली थी। पीएम ने शारदा सिन्हा के बेटे अंशुमान सिन्हा से फोन पर बात की और उनकी मां का हाल जाना। रिपोर्टों के मुताबिक शारदा सिन्हा को मल्टीपल मायलोमा (एक तरह के बल्ड कैंसर) से जूझ रही थीं।
Sharda Sinha Death News: शोक की लहर, प्रशंसक हुए मायूस
सिन्हा के निधन का समाचार पाकर बिहार सहित देश-दुनिया में शोक की लहर दौड़ गई है। उनके प्रशंसक और सुनने वाले उनके निधन पर भरोसा नहीं कर पा रहे हैं। शारदा सिन्हा को चाहने वाले मायूस हैं। संगीत के क्षेत्र में योगदान के लिए सरकार ने शारदा सिन्हा को पद्म भूषण से सम्मानित किया। केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने शारदा सिन्हा के निधन पर दुख जताते हुए कहा- "छठ महापर्व को अपनी मधुर आवाज़ से सजाने वाली, हमारी संस्कृति की मर्मस्पर्शी गायिका, शारदा सिन्हा जी अब हमारे बीच नहीं रहीं। उनका योगदान हमारी लोक संस्कृति के लिए अमूल्य है, उनकी आवाज़ हर आस्था और हर पर्व में सजीव रहेगी। ईश्वर उनकी आत्मा को शांति दे और उनके परिवार को इस कठिन समय में सहनशक्ति प्रदान करे। शारदा जी, आपकी यादें और गीत हमारे दिलों में हमेशा रहेंगे। श्रद्धांजलि"
Sharda Sinha Death News Today:बेटे ने बताया था, मां वेंटिलेटर पर हैं
छठ गीतों से बिहार, झारखंड और उत्तर प्रदेश के आम लोगों के दिलों पर राज करने वाली लोकगायिका के बेटे अंशुमन सिन्हा ने अपने यूट्यूब चैनल पर बताया था, "इस बार यह सच्ची खबर है, मां वेंटिलेटर पर हैं।" शारदा सिन्हा पिछले कुछ दिनों से एम्स में भर्ती थी। उन्होंने वहीं से आस्था के महापर्व छठ का एक नया गीत 'दुखवा मिटाईं छठी मईया' का ऑडियो सॉन्ग रिलीज किया था। पद्म भूषण से सम्मानित 72 वर्षीय शारदा सिन्हा मैथिली और भोजपुरी गानों के लिए जानी जाती हैं। उनके चर्चित गानों में 'विवाह गीत' और 'छठ गीत' शामिल हैं। संगीत में उनके योगदान के लिए उन्हें पद्म श्री और पद्म विभूषण से भी सम्मानित किया गया है।
