Atiq Ahmed shot dead: गैंगस्टर से नेता बने अतीक अहमद की शनिवार (15 अप्रैल, 2023) को पुलिस की मौजूदगी में मीडिया के सामने हत्या कर दी गई। यूपी के प्रयागराज में अज्ञात हमलावरों ने उस पर पीछे से गोलियों के जरिए हमला किया था। इस दौरान उसका भाई अशरफ अहमद भी साथ था, जिसकी मौत हो गई।
यह वाकया रात को तब हुआ, जब प्रयागराज में मेडिकल कॉलेज के पास वे दोनों मीडिया को बयान दे रहा था। रोचक बात है कि इस दौरान अतीक पुलिस वालों की सुरक्षा में थे। वह अपने भाई के साथ आगे बढ़ रहा था, तभी पीछे से उस पर गोलियों की ताबड़तोड़ बौछार कर दी गई। बताया गया कि उस दौरान 35 राउंड फायरिंग की गई थी।
फायरिंग में मौके पर ही अतीक और उसके भाई की जान चली गई। पूरी घटना से जुड़ी जो वीडियो क्लिप्स आईं, उनमें साफ नजर आया कि जो कुछ हुआ उसे पुलिस वाले भी कुछ पल के लिए नहीं समझ पाए थे। वैसे, इस सनसनीखेज हत्या के बाद इलाके में तनाव का माहौल पनप गया। अहमद और अशरफ के गोलियों से छलनी शवों को मौके से हटा लिया गया।
फायरिंग की पूरी घटना कैमरे में इसलिए दर्ज हो गई, क्योंकि मेडिकल जांच के लिए पुलिस की ओर से दोनों को अस्पताल ले जाने के दौरान मीडियाकर्मी उनके साथ चल रहे थे। कम से कम दो व्यक्तियों को अहमद और उसके भाई पर करीब से गोली चलाते हुए देखा गया, जो गोली लगने के बाद जमीन पर गिर गए। हालांकि, पुलिस ने जल्द हमलावरों को पकड़ लिया।
दोनों को साल 2005 के उमेश पाल हत्याकांड के सिलसिले में सुनवाई के लिए शहर लाया गया था और इससे पहले यूपी के झांसी में 13 अप्रैल को अहमद का बेटा असद और उसका एक साथी पुलिस मुठभेड़ में मारे गए थे। दोनों के शव को शनिवार सुबह दफनाया गया था।
वहीं, माफिया की मौत की खबर पर योगी सरकार में कैबिनेट मंत्री स्वतंत्र देव सिंह (जल शक्ति मंत्री) ने कहा, "पाप और पुण्य का हिसाब इसी जन्म में हो जाता है।"
उधर, यूपी के पूर्व सीएम और सपा चीफ अखिलेश यादव ने ट्वीट किया, "उप्र में अपराध की पराकाष्ठा हो गई है और अपराधियों के हौसले बुलंद है। जब पुलिस के सुरक्षा घेरे के बीच सरेआम गोलीबारी करके किसीकी हत्या की जा सकती है तो आम जनता की सुरक्षा का क्या। इससे जनता के बीच भय का वातावरण बन रहा है, ऐसा लगता है कुछ लोग जानबूझकर ऐसा वातावरण बना रहे हैं।"
