पटना: जेडीयू प्रमुख नीतीश कुमार अब से कुछ देर बार सातवीं बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे। नीतीश के साथ करीब दर्जनभर विधायक भी मंत्री पद की शपथ ले सकते हैं। नई सरकार के गठन से ठीक पहले पूर्व केंद्रीय मंत्री और बीजेपी नेता रहे यशवंत सिन्हा ने नीतीश कुमार के साथ-साथ बीजेपी पर भी हमला किया है। यशवंत सिन्हा ने दावा किया है कि इस बार नीतीश कुमार खाली नाम के मुख्यमंत्री रहेंगे। इसे लेकर यशवंत सिन्हा ने एक ट्वीट किया है।
यशवंत सिन्हा का ट्वीट
अपने ट्वीट में यशवंत सिन्हा ने लिखा, 'बीजेपी अपने दोस्त हों या दुश्मन, उन्हें तब तक निचोड़ती है जब तक वे बेजान नहीं हो जाते। नीतीश कुमार इसका ताजा उदाहरण हैं। वह मुख्यमंत्री तो होंगे लेकिन सिर्फ नाम के।' इससे पहले नीतीश कुमार ने एनडीए विधायक दल का नेता चुने जाने के बाद कहा कि वे सीएम नहीं बनना चाहते थे लेकिन सहयोगी दलों के आग्रह पर वह तैयार हुए।
शपथ ग्रहण में मौजूद रहेंगे शाह और नड्डा
नीतीश कुमार केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) अध्यक्ष जे पी नड्डा सहित भाजपा के शीर्ष नेताओं की मौजूदगी में अब से कुछ देर बार बिहार के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे। मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो नीतीश कुमार के अलावा राजग के चार घटक दलों भाजपा, जदयू, हम पार्टी और वीआईपी से आठ अन्य नेताओं को कैबिनेट में स्थान दिया जा सकता है और बाद में इसका विस्तार किया जा सकता है। जदयू से जिनके नाम पर चर्चा है, उनमें अशोक चौधरी, बिजेंद्र प्रसाद यादव, विजय कुमार चौधरी और श्रवण कुमार शामिल हैं। विजय कुमार चौधरी को कैबिनेट में शामिल किये जाने की संभावना के बाद संकेत मिले हैं कि भाजपा के खाते में विधानसभा अध्यक्ष का पद जा सकता है।
बीजेपी को मिली 125 सीटें
बिहार में हाल में सम्पन्न हुए विधानसभा चुनाव में राजग को 125 सीटें मिलीं, जिनमें से नीतीश कुमार की जदयू को 43 सीटें मिलीं और भाजपा को जदयू से 31 सीटें अधिक (74 सीट) हासिल हुईं। बिहार की नयी सरकार में उत्तर प्रदेश की तर्ज पर भाजपा के दो उपमुख्यमंत्री बनने की संभावना है।

