Parliament Monsoon Session: संसद में सत्ता-विपक्ष का हंगमा, दोनों सदनों की कार्रवाई सोमवार तक के लिए स्थगित

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Jul 29, 2022, 01:49 PM IST

Parliament Monsoon Session: राज्यसभा में सत्ता पक्ष के सांसदों ने लोकसभा में कांग्रेस के नेता द्वारा राष्ट्रपति को 'राष्ट्रपत्नी' कहे जाने के मुद्दे पर कांग्रेस अध्यक्ष से माफी की मांग उठाई। वहीं विपक्षी सांसद अपने कुछ साथियों का निलंबन रद्द करने, गुजरात में जहरीली शराब से कई लोगों की मौत होने, महंगाई और अन्य मुद्दों पर तत्काल चर्चा की मांग कर रहे थे।

Parliament Monsoon Session: संसद में सत्ता-विपक्ष का हंगमा, दोनों सदनों की कार्रवाई सोमवार तक के लिए स्थगित

Parliament Monsoon Session: भारी हंगामे के चलते शुक्रवार को संसद के दोनों सदनों को एक अगस्त तक के लिए स्थगित कर दिया गया है। शुक्रवार को राज्यसभा की बैठक अलग-अलग मुद्दों पर सत्ता पक्ष और विपक्षी दलों के सदस्यों के हंगामे के कारण एक बार के स्थगन के बाद दिन भर के लिए स्थगित कर दी गई। हंगामे के कारण आज भी राज्यसभा में ना तो शून्यकाल और ना ही प्रश्नकाल चल सका। वहीं लोकसभा में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के संदर्भ में कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी की टिप्पणी को लेकर उठा विवाद थम नहीं रहा है। इस मुद्दे पर सत्ता पक्ष एवं कांग्रेस सांसदों के परस्पर आरोप-प्रत्यारोप एवं हंगामे के कारण शुक्रवार को लोकसभा की कार्यवाही एक बार के स्थगन के बाद दिनभर के लिए स्थगित कर दी गई।

हंगामे के चलते दोनों सदनों की कार्रवाई सोमवार तक के लिए स्थगित

राज्यसभा में शुक्रवार को बीजेपी सांसदों ने जहां ‘सोनिया गांधी माफी मांगो’ के नारे लगाए तो वहीं अलग-अलग विपक्षी दलों के सांसद आसन के नजदीक आकर हंगामा करने लगे। पीठासीन सभापति ने हंगामा कर रहे सदस्यों से अपने स्थानों पर बैठने और कार्यवाही चलने देने की अपील की। हंगामा नहीं थमने पर उन्होंने सभा की कार्यवाही दोपहर 12 बजकर करीब 5 मिनट पर दिन भर के लिए स्थगित कर दी। इससे पहले सुबह 11 बजे सदन की कार्यवाही आरंभ होते ही दोनों दलों के सदस्य अपने-अपने स्थान पर खड़े हो गए और हंगामा करने लगे।

सत्ता पक्ष के सांसदों ने लोकसभा में कांग्रेस के नेता द्वारा राष्ट्रपति को 'राष्ट्रपत्नी' कहे जाने के मुद्दे पर कांग्रेस अध्यक्ष से माफी की मांग उठाई। वहीं विपक्षी सांसद अपने कुछ साथियों का निलंबन रद्द करने, गुजरात में जहरीली शराब से कई लोगों की मौत होने, महंगाई और अन्य मुद्दों पर तत्काल चर्चा की मांग कर रहे थे।

हंगामे के कारण संसद के दोनों सदनों में लगातार बना हुआ है गतिरोध

वहीं लोकसभा में पहली बार के स्थगन के बाद दोपहर 12 बजे जैसे ही सदन की कार्यवाही शुरू हुई, अलग-अलग विपक्षी दलों के सांसद आसन के नजदीक आकर हंगामा करने लगे। इस बीच सत्ता पक्ष के सांसद भी अपने स्थानों पर खड़े होकर नारेबाजी कर रहे थे। सत्ता पक्ष के सांसदों ने लोकसभा में कांग्रेस के नेता द्वारा राष्ट्रपति को 'राष्ट्रपत्नी' कहे जाने के मुद्दे पर कांग्रेस अध्यक्ष से माफी की मांग उठाई, तो वहीं कांग्रेस के सदस्य अपनी पार्टी अध्यक्ष सोनिया गांधी के साथ गुरुवार को लोकसभा में बीजेपी सांसदों की कथित नोकझोंक का मुद्दा उठाने का प्रयास कर रहे थे। 18 जुलाई को मानसून सत्र शुरू होने के बाद से अलग-अलग मुद्दों पर विपक्षी सदस्यों के हंगामे के कारण संसद के दोनों सदनों में लगातार गतिरोध बना हुआ है।
 

End of Article