Assam Floods: असम में बाढ़ की स्थिति गंभीर, पिछले 24 घंटों में 14 मौतों के बाद मरने वालों की संख्या बढ़कर 173 हुई

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Jul 2, 2022, 06:32 AM IST

Assam Floods: असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के मुताबिक नई मौतों में से कछार जिले में छह, नागांव में तीन, बारपेटा में दो और करीमगंज, कोकराझार और लखीमपुर में एक-एक मौत हुई है।

Assam Floods: असम में बाढ़ की स्थिति गंभीर, पिछले 24 घंटों में 14 मौतों के बाद मरने वालों की संख्या बढ़कर 173 हुई

Assam Floods: असम में बाढ़ की स्थिति और भी ज्यादा खराब हो गई है। शुक्रवार को पिछले 24 घंटों में राज्य में बाढ़ से 14 और लोगों की मौत हो गई है। वहीं असम में बाढ़ और भूस्खलन के कारण मरने वालों की संख्या अब बढ़कर 173 हो गई है। असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के मुताबिक नई मौतों में से कछार जिले में छह, नागांव में तीन, बारपेटा में दो और करीमगंज, कोकराझार और लखीमपुर में एक-एक मौत हुई है।

पिछले 24 घंटों में असम में 14 लोगों की मौत

अभी भी असम के 30 जिलों के 29.70 लाख लोग बाढ़ से प्रभावित हैं। ब्रह्मपुत्र, बेकी, कोपिली, बराक और कुशियारा अभी भी खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। कछार जिले के सिलचर कस्बे के अधिकांश हिस्से अभी भी बाढ़ के पानी में हैं। अंतर-मंत्रालयी केंद्रीय टीम ने शुक्रवार को राज्य के सात जिलों में बाढ़ प्रभावित कुछ इलाकों का दौरा किया। साथ ही उन्होंने आपदा से हुए नुकसान का जायजा भी लिया।

वहीं असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने शुक्रवार को कछार जिले में बाढ़ के कारण जान गंवाने वाले 24 लोगों में से 10 लोगों के परिजनों को चार-चार लाख रुपए की अनुग्रह राशि वितरित की। बाकी मृतकों के परिवारों को चरणबद्ध तरीके से अनुग्रह राशि प्रदान की जाएगी। मुख्यमंत्री ने टूटे हुए बेथुकुंडी बांध का भी दौरा किया, जिसके कारण सिलचर में बाढ़ आ गई।

सीएम ने बाढ़ प्रभावित इलाकों का किया दौरा 

मुख्यमंत्री का 10 दिनों के भीतर बराक घाटी का ये तीसरा दौरा था। दौरे के दौरान उन्होंने कछार जिले के अधिकारियों के साथ बैठक भी की। सरमा ने कामरूप जिले के बाढ़ प्रभावित इलाकों का भी दौरा किया। कछार जिले में आपदा से लगभग 14 लाख लोग प्रभावित हुए हैं। 88 राजस्व मंडलों के तहत कुल 2,450 गांव बाढ़ की चपेट में आ गए हैं। राज्यभर में 3 लाख से अधिक लोगों ने 563 राहत शिविरों में शरण ली है।

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