'दिल्लीवालों के लिए डेथ वारंट की तरह हो सकता है'; इसलिए केजरीवाल सरकार पर बरसे गौतम गंभीर

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated May 18, 2020, 07:49 PM IST

Gautam Gambhir on Lockdown Guidelines in Delhi: दिल्ली में केजरीवाल सरकार ने लॉकडाउन 4 के दौरान कई रियायतों का ऐलान किया है। इस पर बीजेपी सांसद गौतम गंभीर ने आपत्ति जताई है।

'दिल्लीवालों के लिए डेथ वारंट की तरह हो सकता है'; इसलिए केजरीवाल सरकार पर बरसे गौतम गंभीर

नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली में 18 मई से शुरू हुए लॉकडाउन 4 के दौरान क्या-क्या खुलेगा और क्या-क्या बंद रहेगा, इसे लेकर मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं। 31 मई तक चलने वाले इस लॉकडाउन में दिल्ली सरकार ने दिल्ली वालों को कई रियायतें दी हैं। बीजेपी सांसद और पूर्व क्रिकेटर गौतम गंभीर ने इसे लेकर दिल्ली सरकार की आलोचना की है और फैसले पर फिर से विचार करने को कहा है।

गौतम गंभीर ने ट्वीट कर कहा, 'एक बार में लगभग सब कुछ खोलने का निर्णय दिल्ली वासियों के लिए एक डेथ वारंट के रूप में कार्य कर सकता है! मैं दिल्ली सरकार से बार-बार सोचने का आग्रह करता हूं! एक गलत कदम और सब कुछ खत्म हो जाएगा !!'  

मुख्यमंत्री केजरीवाल ने कहा कि दिल्ली के अंदर अभी तक 10054 कोरोना केस हैं, इसमें से 4485 मतलब लगबग 45 प्रतिशत लोग ठीक हो चुके है। 160 लोगों की मौत हो चुकी है। अन्य राज्यों और देशों की तुलना में दिल्ली में मृत्यु दर कम है। हमारी कोशिश है कि एक-एक जान बचाई जाए। जब तक कोरोना की दवा तैयार नहीं हो जाती तब तक कोरोना कहीं जाने वाला नहीं है। हमें कोरोना के साथ जीने की आदत डालनी होगी। जो डेढ़ महीना लॉकडाउन रहा है उसमें दिल्ली सरकार ने कोरोना से निपटने की पूरी तैयारी कर ली है।'  

दिल्ली में जहां मेट्रो, स्कूल, कॉलेज, होटल, सिनेमा हॉल, मॉल्स, बार, राजनीतिक, धार्मिक आयोजन, नाई, स्पा और सैलून पर रोक जारी है, वहीं दूसरी तरफ प्रतिबंधों के साथ बस सेवाएं, बाजार में दुकाने (ऑड-ईवन के आधार पर), भोजन की होम डिलीवरी, 1 यात्री के साथ ऑटोरिक्शा, 2 यात्रियों के साथ टैक्सी आदि को छूट दी गई है।

केजरीवाल ने कहा कि विवाह समारोह में केवल 50 लोग जबकि अंतिम संस्कार में अधिकतम 20 लोग शामिल हो सकते हैं। केंद्र सरकार ने रविवार को कोरोना वायरस के कारण लागू लॉकडाउन में थोड़ी और ढील देते हुए इसे 31 मई तक बढ़ा दिया। 

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