Chennai Airshow 3 spectators Die: तमिलनाडु में चेन्नई के मरीना बीच पर 92वें वायुसेना दिवस समारोह के अवसर पर एयर शो देखने के लिए उत्साही परिवार सुबह 11 बजे से पहले मरीना बीच पर एकत्र हुए थे। कई लोग तेज धूप से बचने के लिए छाते लेकर खुद को बचाते नजर आए वहीं तेज गर्मी और उमस से चेन्नई के मरीना बीच पर एयर शो देखने गए तीन लोगों की मौत हो गई।
भारतीय वायुसेना (IAF) का मरीना तट पर रविवार को आयोजित ‘एयर शो’ हालांकि आकर्षण का केंद्र था लेकिन इसे देखने के लिए एकत्र हुए हजारों लोगों को कार्यक्रम के बाद घर लौटने में कई परेशानियों का सामना करना पड़ा। लोग रविवार को उमस के बावजूद हजारों की संख्या में यहां पहुंचे।
कई लोगों ने खतरा उठाकर यात्रा की और कई लोगों की ट्रेन छूट गई
निकटवर्ती लाइटहाउस मेट्रो स्टेशन और वेलाचेरी में चेन्नई एमआरटीएस रेलवे स्टेशन पर सैकड़ों लोग एकत्र हो गए और कई लोगों के लिए प्लेटफॉर्म पर खड़ा होना भी मुश्किल हो गया था। इसके बावजूद कई लोगों ने खतरा उठाकर यात्रा की और कई लोगों की ट्रेन छूट गई।
‘एयर शो’ स्थल के नजदीक अन्ना स्क्वायर पर बस स्टॉप पर लोगों की भारी भीड़ एकत्र थी।पुलिस ने बताया कि तीन एंबुलेंस यातायात जाम में फंस गई थी और इन्हें निकालने के लिए पुलिस को कदम उठाने पड़े।मरीना से शहर के विभिन्न हिस्सों को जोड़ने वाली मुख्य सड़कों पर यातायात अवरुद्ध हो गया और वाहन एक ही स्थान पर काफी समय तक खड़े रहे।
तमिलनाडु सीएम स्टालिन, उपमुख्यमंत्री उदयनिधि, राज्य के विभिन्न मंत्री मौजूद थे
प्रदर्शन की शुरुआत भारतीय वायुसेना के विशेष गरुड़ बल के कमांडो के उस साहसिक कौशल के प्रदर्शन के साथ हुई, जिसमें उन्होंने बंधक को मुक्त कराने का एक मॉक अभियान प्रदर्शित किया। लाइटहाउस और चेन्नई बंदरगाह के बीच मरीना पर आयोजित 92वें भारतीय वायुसेना दिवस समारोह में वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल अमरप्रीत सिंह, तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम के स्टालिन, उपमुख्यमंत्री उदयनिधि स्टालिन, राज्य के विभिन्न मंत्री, चेन्नई की महापौर आर. प्रिया और कई अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
एयर शो में स्पेशल गरुड़ फोर्स के कमांडो द्वारा एक नकली बचाव अभियान और बंधक को मुक्त कराने का शो भी शामिल था।इसमें राफेल, स्वदेश निर्मित अत्याधुनिक लाइट कॉम्बैट एयरक्राफ्ट तेजस, लाइट कॉम्बैट हेलीकॉप्टर प्रचंड और हेरिटेज एयरक्राफ्ट डकोटा समेत 72 विमानों का प्रदर्शन किया गया।
'लिम्का बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स' में दर्ज किया जाएगा
साफ आसमान के कारण भारतीय वायुसेना के विमानों द्वारा किए गए लोमहर्षक हवाई शो का बेहतरीन नजारा देखने को मिला। रेतीले समुद्र तट पर एकत्र हुए लोगों ने दोपहर एक बजे शो के अंत में भारतीय वायुसेना के विमानों से हवाई फोटोग्राफी के लिए अपने छाते दिखाए।हवाई प्रदर्शन में लगभग 72 विमानों ने भाग लिया, जिसे 'लिम्का बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स' में दर्ज किया जाएगा।
सुपरसोनिक लड़ाकू विमान राफेल समेत करीब 50 लड़ाकू विमानों ने एक साथ मिलकर आसमान में विभिन्न रंगों की चमक बिखेरी। डकोटा और हार्वर्ड, तेजस, एसयू-30 और सारंग ने भी हवाई सलामी में हिस्सा लिया। सुखोई एसयू-30 ने भी अपने करतब दिखाए।
भारतीय वायुसेना के आधुनिक और दुर्जेय बल बनने की दिशा में परिवर्तनकारी यात्रा पर प्रकाश
इस कार्यक्रम में भारतीय वायुसेना के आधुनिक और दुर्जेय बल बनने की दिशा में परिवर्तनकारी यात्रा पर प्रकाश डाला गया। इसमें अत्याधुनिक लड़ाकू विमानों से लेकर परिवहन विमानों और हेलीकॉप्टरों तक कई तरह के विमान शामिल थे। मुख्य आकर्षण में स्वदेशी परियोजनाओं का फ्लाईपास्ट शामिल था: तेजस, एडवांस्ड लाइट हेलीकॉप्टर (ALH), लाइट कॉम्बैट हेलीकॉप्टर प्रचंड और हिंदुस्तान टर्बो ट्रेनर-40 (HTT-40), जो देश के आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ने का प्रतीक है। दर्शक सुखोई-30 MKI के निम्न-स्तरीय एरोबेटिक्स से अचंभित थे, जो IAF पायलटों के उच्चतम स्तर के व्यावसायिकता का उदाहरण था।
