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Aaj Ki Taza Khabar, 26 जनवरी, 2023: देश- दुनिया की आज की बड़ी खबरें

  • Authored by: ललित राय
  • Updated Jan 26, 2023, 11:56 AM IST

Aaj Ki Taza Khabar, आज की ताजा खबर, 26 जनवरी, 2023: देश आज 74वां गणतंत्र दिवस मना रहा है। इस बार गणतंत्र दिवस समारोह के मुख्य अतिथि मिस्र के राष्ट्रपति हैं। देश और दुनिया के आज के ताजा घटनाक्रम कुछ इस प्रकार हैं-

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आज की ताजा खबर 26 जनवरी 2023

Aaj Ki Taza Khabar, आज की ताजा खबर, 26 जनवरी, 2023: 74वें गणतंत्र दिवस समारोह को लेकर दिल्ली में सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त किए गए हैं। यातायात पुलिस ने सड़क यातायात को लेकर परामर्श जारी किए हैं। इस बार गणतंत्र दिवस समारोह के मुख्य अतिथि मिस्र के राष्ट्रपति हैं। देश और दुनिया के आज के ताजा घटनाक्रम कुछ इस प्रकार हैं-

भारत आज अपना 74वां गणतंत्र दिवस धूमधाम से मना रहा है। गणतंत्र दिवस परेड का आयोजन पहली बार कर्तव्य पथ पर हुआ है। यह गणतंत्र दिवस समारोह इस बार कई मायनों में खास है। परेड में पहली बार सिर्फ देसी हथियारों का प्रदर्शन होगा। वायुसेना के गरुड़ कमांडो पहली बार परेड में नजर आएंगे। इसके अलावा गणतंत्र दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में पहली बार मिस्र के राष्ट्रपति को बुलाया गया है। समारोह में हिस्सा लेने के लिए मिस्र के राष्ट्रपति अब्दल फतह अल सीसी बुधवार को भारत पहुंचे। परेड में शामिल होने के लिए मिस्र का एक सैन्य जत्था भी पहुंचा हुआ है। छत्तीसगढ़ पुलिस की नवगठित विशिष्ट इकाई ‘बस्तर फाइटर्स’ में हाल ही में कांस्टेबल के रूप में भर्ती हुए ट्रांसजेंडर पहली बार जगदलपुर शहर में गणतंत्र दिवस परेड में हिस्सा लेंगे। 74वें गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर सरकार ने 106 पद्म पुरस्कारों की घोषणा की। ये पुरस्कार कला, सामाजिक कार्य, सार्वजनिक मामलों, विज्ञान एवं इंजीनियरिंग, व्यापार और उद्योग, चिकित्सा, साहित्य एवं शिक्षा, खेल, लोक सेवा जैसे विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान के लिए दिए गए हैं।

57 साल के बासु देव साउ(Bashu Dev Shau) अब इस दुनिया में नहीं हैं। रविवार यानी 22 जनवरी की रात करीब 10.30 बजे मुनिरका इलाके में एक बीएमडब्ल्यू कार सवार ने टक्कर मार दी थी। अस्पताल ले जाने के क्रम में उनकी मौत रास्ते में ही हो गई थी। लेकिन कहानी इतनी सी भर नहीं है। आज से करीब 36 साल पहले साल 1986 में मुनिरका इलाके में ठीक उसी जगह पर बासु देव साउ हादसे का शिकार हुए. हालांकि वो दुर्घटना इतनी गंभीर नहीं रही कि जान चली जाए ये बात अलग है कि ब्रिटिश हाई कमीशन में कुक की नौकरी कर रहे साउ बेरोजगार हो गए थे। उस हादसे में उनके पैर में गंभीर चोट आई थी। करीब पांच साल तक चले इलाज के बाद उन्होंने अपनी जिंदगी एक बार फिर शुरू की। ठेले पर सब्जी लेकर इलाके में बेचा करते थे और परिवार का भरण पोषण करते थे। साउ का सपना था कि उनकी बेटी मनीषा पढ़ लिखकर टीचर बन जाए।

करीब दो साल के बाद अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप फेसबुक, इंस्टा पर नजर आएंगे। बता दें कि फेसबुक ने उनके खाते को निलंबित कर दिया था। फेसबुक का कहना है कि कुछ नए सुरक्षा कवच को जोड़ा गया है ताकि बार बार उल्लंघन करने वालों को रोका जा सके। मेटा के अधिकारियों के मुताबिक अगर ट्रंप के कंटेट से नियम भंग होते हैं तो उन कंटेंट को हटा लिया जाएगा। कंटेंट की प्रकृति के आधार पर उनके खिलाफ एक महीने से लेकर दो साल निलंबन की कार्रवाई होगी। ट्रंप ने अपने खुद के सोशल मीडिया ट्रूथ सोशल पर फेसबुक के अकाउंट सस्पेंशन पर जमकर भड़के थे और खुद की साइट की सराहना की थी।

नौकरियों को जाना, कर्मचारियों की संख्या में कटौती को मोटे तौर पर आर्थिक मंदी का संकेत माना जाता है। हाल ही में माइक्रोसॉफ्ट, गूगल, अमेजॉन, स्विगी शेयर चैट ने अपने कर्मचारियों को जॉब से यह कहते हुए निकाल दिया कि शेष लोगों की सुरक्षित नौकरी के लिए ऐसा करना जरूरी थी। अब उसी क्रम में आईबीएम ने भी अपने 3900 कर्मचारियों को हटाने का फैसला किया है। आईबीएम ने अपने इस फैसले के बारे में कहा कि एनुअल कैश टारगेट को हासिल करने में विफल रहने के बाद यह फैसला लिया गया है। इन सबके बीच कंपनी के सीएफओ जेम्स कॉवना का कहना है कि इन सब हालातों के बीच भी कंपनी ने क्लांइट से संबंधित आर एंड डी के मद्देनजर भर्तियों के लिए प्रतिबद्ध है।

कर्ज की जाल में बुरी तरह फंस चुका पाकिस्तान हांफ रहा है। उसे समझ में नहीं आ रहा है कि मौजूदा आर्थिक संकट से किस तरह से बाहर निकला जाए। प्रधानमंत्री नवाज शरीफ विदेशों से कर्जा मांग रहे हैं लेकिन कोई भी उनकी मदद करने के लिए आगे नहीं आया है। पैसे के अभाव में पाकिस्तान के हालात बेकाबू होने लगे हैं। खर्चे में कटौती करने के लिए शहबाज सरकार ने सरकारी कर्मचारियों के वेतन में 10 प्रतिशत कटौती करने के फॉर्मूले पर आगे बढ़ रही है। जानकारों का कहना है कि हालात नहीं सुधरे तो पाकिस्तान में गृह युद्ध शुरू हो सकता है और वह टूट सकता है। उसकी हालत श्रीलंका जैसी हो सकती है। कहा जा रहा है कि पाकिस्तान का 'पाप' ही उसे तबाही की कगार पर लाकर खड़ा दिया है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों को 74वें गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं एवं बधाई दी है। अपने ट्वीट में पीएम ने कहा कि 'इस बार का यह अवसर इसलिए भी विशेष है, क्योंकि इसे हम आजादी के अमृत महोत्सव के दौरान मना रहे हैं। देश के महान स्वतंत्रता सेनानियों के सपनों को साकार करने के लिए हम एकजुट होकर आगे बढ़ें, यही कामना है।' देश में गणतंत्र दिवस समारोह धूमधाम से मनाया जा रहा है। इस बार का गणतंत्र दिवस परेड कई मायनों में खास है। पहली बार मिस्र के किसी राष्ट्रपति को इस समारोह का मुख्य अतिथि बनाया गया है।

25 जनवरी को पद्म पुरस्कारों का ऐलान हुआ। अलग अलग क्षेत्रों में असाधारण काम करने वालों के नाम पद्म पुरस्कारों की सूची में शामिल थे जिसमें सपा के संरक्षक रहे मुलायम सिंह यादव का नाम भी है। केंद्र सरकार के इस फैसले को असाधारण इसलिए माना जा रहा है क्योंकि मुलायम सिंह का नाम कारसेवकों के दमन, राम मंदिर के विरोध के तौर पर जाना जाता था। बीजेपी के कई नेताओं के साथ साथ कई हिंदुवादी संगठनों उन्हें मुल्ला मुलायम की संज्ञा भी देते थे। ऐसी सूरत में मुलायम सिंह यादव को पद्म विभूषण से सम्मानित करने के पीछे की वजह क्या हो सकती है। जानकार इसके पीछे अलग अलग तर्क देते हैं।

24 जनवरी को लखनऊ के हसनगंज इलाके में एक पांच मंजिला इमारत(अलाया अपार्टमेंट) भरभरा कर गिर गई थी। उस हादसे में दो महिलाओं की मौत हो चुकी है हालांकि 14 लोगों को मलबे से निकाल लिया गया है। उनमें से ही एक 6 साल का बच्चा मुस्तफा है। बच्चे का इलाज एसपीएम सिविल अस्पताल में चल रहा है। अब आप सोच रहे होंगे कि 14 लोगों में यह बच्चा क्यों सुर्खियों में है। दरअसल 24 तारीख को नेपाल में करीब 4.3 तीव्रता का भूकंप आया था और उसके झटके लखनऊ में भी महसूस किए गए थे। भूकंप के तुरंत बाद ही मल्टी स्टोरी इमारत गिर गई थी। अब सवाल यह है कि 6 साल का बच्चा कैसे बच पाने में कामयाब रहा।

ललित राय
ललित राय author

खबरों को सटीक, तार्किक और विश्लेषण के अंदाज में पेश करना पेशा है। पिछले 10 वर्षों से डिजिटल मीडिया में कार्य करने का अनुभव है।और देखें

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