देश

Peacocks Death: कर्नाटक में 20 मोरों की मौत से हड़कंप, हाल के हफ्तों में तीसरी सामूहिक पशु मृत्यु

कर्नाटक के हनुमंतपुरा में 20 मोर मृत पाए गए, इससे पहले कुछ दिनों पहले बंदरों और एक बाघिन और उनके शावकों की भी इसी तरह की मौत हुई थी। अधिकारियों को ज़हर दिए जाने का संदेह है और वे कारण की पुष्टि के लिए फोरेंसिक रिपोर्ट का इंतजार कर रहे हैं।

Image

हनुमंतपुरा गांव में 20 मोर मृत पाए गए हैं (फोटो: istock)

Peacocks Death in Karnataka: कर्नाटक के हनुमंतपुरा गांव में 20 मोर मृत पाए गए हैं, मीडिया रिपोर्ट के अनुसार ऐसा बताया जा रहा है, इस घटना ने वन अधिकारियों के बीच चिंता पैदा कर दी है, खासकर इसलिए क्योंकि यह घटना उस क्षेत्र में 20 बंदरों, एक बाघिन और चार शावकों की अप्राकृतिक मौतों के कुछ ही दिनों बाद हुई है। अधिकारियों ने कहा कि इन जानवरों की अचानक मौत के पीछे के कारण की अभी पुष्टि नहीं हुई है।

वन अधिकारियों के अनुसार, कुछ किसानों ने एक नाले के किनारे खेतों में बिखरे हुए 20 मोरों, तीन नर और 17 मादा के शव देखे जाने की सूचना दी। इसके बाद, वन विभाग की टीमें घटनास्थल पर पहुंचीं और मृत पक्षियों को अनिवार्य परीक्षण के लिए फोरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला भेज दिया। मौत के सही कारण का पता लगाने के लिए वे फिलहाल रिपोर्ट का इंतज़ार कर रहे हैं।

2 जुलाई को 20 बंदरों के शव बरामद किए थे

इससे पहले, कर्नाटक के चामराजनगर जिले में, वन और पुलिस टीमों ने 2 जुलाई को 20 बंदरों के शव बरामद किए थे। अधिकारियों ने प्रारंभिक जांच में संदेह जताया था कि इन जानवरों को जहर दिया गया था।

एक बाघिन और उसके चार शावकों की मौत

यह घटना माले महादेश्वर हिल्स वन्यजीव अभयारण्य में एक बाघिन और उसके चार शावकों की मौत के कुछ ही समय बाद हुई। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, उनके शव हुग्यम रेंज के अंतर्गत मीन्यम वन क्षेत्र में पाए गए।

बाघिन ने एक गाय को मारकर जंगल में घसीटा था

मामले की जांच कर रहे अधिकारियों ने बताया कि बाघिन ने एक गाय को मारकर जंगल में घसीटा था। उसने और उसके शावकों ने उसका मांस आंशिक रूप से खा लिया। उन्हें शक है कि स्थानीय लोगों ने गाय के शव में जहर मिला दिया होगा। माना जा रहा है कि जब बाघिन और उसके शावक उसे खाने के लिए वापस लौटे, तो उनकी मौत दूषित मांस खाने से हुई।

Ravi Vaish
रवि वैश्यauthor

रवि वैश्य टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क पर कार्यरत एक सीनियर जर्नलिस्ट हैं, जिन्हें पत्रकारिता में 20 वर्षों का व्यापक अनुभव हासिल है। खबरों की बारीकियों को समझने और तेजी से प्रस्तुत करने में उनकी विशेष दक्षता है। टीवी पत्रकारिता में रिपोर्टिंग और डेस्क—दोनों क्षेत्रों में अनुभव होने के कारण वे समाचारों को बहुआयामी दृष्टिकोण से देखते हैं। देश–दुनिया की ताजातरीन अपडेट्स, ब्रेकिंग न्यूज, एक्सप्लेनर और विशेष स्टोरीज तैयार करने में वे सिद्धहस्त हैं। उनकी प्राथमिकता हमेशा यही रही है कि हर खबर तेज, सटीक और जानकारीपूर्ण रूप में पाठकों तक पहुंचे। रवि वैश्य अब तक 22,000 से अधिक खबरें लिख चुके हैं, जिनमें कई एक्सक्लूसिव रिपोर्ट्स, इंटरव्यू, ग्राउंड रिपोर्ट्स, विश्लेषण और एक्सप्लेनर शामिल हैं।

और पढ़ें
End of Article
Subscribe to our daily Newsletter!

संबंधित खबरें