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स्लिप डिस्क से हैं परेशान तो रोज करें ये 5 योगासन, दर्द से मिलेगा आराम और मन भी रहेगा शांत

Yoga Asanas For Back Pain And Slip Disc : स्लिप डिस्क यानी रीढ़ की हड्डी के बीच की डिस्क का अपनी जगह से खिसक जाना। यह समस्या अक्सर कमर और पीठ के निचले हिस्से में दर्द, सुन्नपन या पैरों में झनझनाहट का कारण बनती है। आज हम आपको स्लिप डिस्क के लिए कारगर 5 योगासन बताने जा रहे हैं, जो आपकी समस्या का परमानेंट इलाज बन सकते हैं।

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स्लिप डिस्क से हैं परेशान तो रोज करें ये 5 योगासन, दर्द से मिलेगा आराम और मन भी रहेगा शांत

Yoga Asanas For Back Pain And Slip Disc : आज के समय में खराब जीवनशैली, घंटों बैठकर काम करना और शारीरिक गतिविधियों की कमी के कारण स्लिप डिस्क यानी 'हर्नियेटेड डिस्क' की समस्या तेजी से बढ़ रही है। यह एक ऐसी स्थिति है जिसमें रीढ़ की हड्डी के बीच मौजूद डिस्क अपनी जगह से खिसक जाती है, जिससे तेज पीठ दर्द, चलने-फिरने में दिक्कत और यहां तक कि नसों पर दबाव पड़ने से शरीर के अन्य भागों में भी दर्द फैल सकता है। आयुर्वेद और योग में इसका इलाज संभव है, और नियमित रूप से विशेष योगासनों का अभ्यास करके इस समस्या में राहत पाई जा सकती है।

आयुष मंत्रालय के अनुसार, कुछ विशेष योगासन स्लिप डिस्क की स्थिति में रीढ़ की हड्डी को मजबूत बनाने, लचीलापन बढ़ाने और मांसपेशियों को राहत देने में कारगर साबित होते हैं। कुछ प्रमुख योगासनों का अभ्यास इस समस्या में लाभकारी माना गया है।

भुजंगासन

भुजंगासन एक अत्यंत प्रभावी योगासन है जो विशेष रूप से रीढ़ की हड्डी को मजबूत और लचीना बनाता है और पीठ के निचले हिस्से के दर्द को कम करता है। इस आसन में शरीर को ऊपर उठाया जाता है, जिससे पीठ की मांसपेशियां सक्रिय होती हैं और नसों पर पड़े दबाव में राहत मिलती है। यह आसन स्लिप डिस्क में अत्यंत लाभकारी होता है क्योंकि यह डिस्क के आसपास की मांसपेशियों को सहारा देता है और सूजन को कम करता है।

भुजंगासन (Photo - Canva)

भुजंगासन (Photo - Canva)

उष्ट्रासन

उष्ट्रासन रीढ़ की हड्डी में लचीलापन बढ़ाने वाला आसन है, जो स्लिप डिस्क से जूझ रहे व्यक्तियों के लिए बेहद उपयोगी है। इस आसन में शरीर को पीछे की ओर झुकाया जाता है, जिससे रीढ़ के सभी भाग खिंचते हैं और रक्त संचार बेहतर होता है। इससे न केवल दर्द में राहत मिलती है, बल्कि रीढ़ की सही स्थिति को भी बनाए रखने में मदद मिलती है। यह आसन मानसिक तनाव को भी कम करता है, जो अक्सर पीठ दर्द को बढ़ा सकता है।

उष्ट्रासन (Photo - Canva)

उष्ट्रासन (Photo - Canva)

शलभासन

शलभासन विशेष रूप से पीठ और कूल्हों की मांसपेशियों को मजबूत करने में सहायक है। इस आसन के अभ्यास से रीढ़ की हड्डी पर पड़ा अतिरिक्त दबाव कम होता है और स्लिप डिस्क की समस्या को ठीक करने में मदद मिलती है। यह आसन न केवल पीठ दर्द को कम करता है, बल्कि शरीर के पॉश्चर को भी बेहतर बनाता है। नियमित रूप से शलभासन करने से मांसपेशियों की ताकत बढ़ती है और चोट लगने की संभावना भी घटती है।

शलभासन (Photo - Canva)

शलभासन (Photo - Canva)

वज्रासन

वज्रासन एक ऐसा आसान और प्रभावी योगासन है जिसे भोजन के बाद भी किया जा सकता है। यह पाचन को सुधारता है, लेकिन इसके साथ-साथ रीढ़ की हड्डी को स्थिर और संतुलित रखने में भी सहायक है। स्लिप डिस्क की समस्या में जब मरीज को आराम की आवश्यकता होती है, उस समय वज्रासन एक शांत मुद्रा में रीढ़ को सहारा देता है और शरीर को संतुलन प्रदान करता है। यह मन को भी शांत करता है और लंबे समय तक बैठने की आदत को बेहतर बनाता है।

वज्रासन (Photo - Canva)

वज्रासन (Photo - Canva)

मकरासन

मकरासन पीठ की मांसपेशियों को राहत देता है और दर्द से तुरंत आराम पहुंचाता है। इस मुद्रा में पेट के बल लेटकर शरीर को पूरी तरह ढीला छोड़ दिया जाता है, जिससे पीठ के निचले हिस्से की मांसपेशियों को आराम मिलता है। यह आसन स्लिप डिस्क से ग्रसित मरीजों के लिए लाभकारी माना जाता है।

मकरासन (Photo - Canva)

मकरासन (Photo - Canva)

इनपुट - आईएएनएस

gulshan kumar
गुलशन कुमारauthor

गुलशन कुमार टाइम्स नाउ हिंदी डिजिटल के हेल्थ सेक्शन से जुड़े हैं। फिटनेस और योग के प्रति उनकी रुचि उन्हें हेल्थ जर्नलिज्म की ओर लेकर आई, जहां वे आम लोगों की जीवनशैली, सेहत और वेलनेस से जुड़े विषयों पर लगातार काम कर रहे हैं। गुलशन अबतक 2,000 से अधिक आर्टिकल लिख चुके हैं। उनके लेखों में आसान भाषा में दी गई जानकारी, रिसर्च-बेस्ड टिप्स और रोजमर्रा की सेहत से जुड़े विषयों की स्पष्ट समझ दिखाई देती है। हेल्थ अवेयरनेस को बढ़ावा देना, फिटनेस को सरल तरीके से समझाना और बेहतर लाइफस्टाइल के लिए उपयोगी सुझाव देना—गुलशन की लेखन शैली की खासियत है।

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