गर्मी की मार से हर कोई परेशान है। उत्तर भारत समेत कई राज्यों में भयंकर गर्मी पड़ रही है। लू की चपेट में आने से अब तक 48 लोगों की मौत भी हो चुकी है। गर्म हवाएं लोगों को बीमार कर रही है। दिल्ली में बीते दिनों तापमान 50 डिग्री के पार चला गया। भयंकर गर्मी का असर शरीर के कई अंगों पर भी पड़ रहा है। लेकिन क्या कभी आपने ये सोचा है कि मानव शरीर कितना तापमान सह सकता है और ज्यादा गर्मी का असर शरीर के किन अंगों पर सबसे ज्यादा होता है। आज हम आपको इस आर्टिकल में बताने जा रहे हैं कि ज्यादा गर्मी से शरीर के कौन से अंग सबसे ज्यादा प्रभावित होते हैं।
सामान्य मानव शरीर का तापमान 37 डिग्री सेल्सियस के बराबर होता है। ऐसे में ये बड़ा सवाल उठता है कि मानव शरीर कितना तापमान सह सकता है। तो आपको बता दें कि मानव शरीर 42.3 डिग्री सेल्सियस तापमान तक जीवित रह सकता है। इससे ज्यादा तापमान इंसान की जान ले सकता है। ज्यादा तापमान शरीर में प्रोटीन की कमी का कारण बन सकता है। गर्मी का सीधा असर ब्रेन पर पड़ता है। मानव शरीर 40-50 डिग्री तापमान नहीं सकता है। तेज गर्मी की वजह से भ्रम, दौरे और मेमोरी लॉस जैसी समस्याएं हो सकती है। इसके साथ ही तेज धूप और गर्मी की वजह से मस्तिष्क से ब्लीडिंग की समस्या भी हो सकती है।
हार्ट हेल्थ के लिए
ज्यादा गर्मी का सीधा असर हार्ट पर पड़ता है। तेज धूप और गर्मी की चपेट में आने से हार्ट अटैक का खतरा भी बढ़ जाता है। खून सही ढंग से हार्ट तक नहीं पहुंच पाता है जिससे स्ट्रोक आता है।
पाचन तंत्र के लिए
भीषण गर्मी का असर पाचन तंत्र पर भी पड़ता है। इस मौसम में ज्यादातर लोग गैस, अपच, पेट दर्द और दस्त की समस्या से परेशान रहते हैं।
किडनी
गर्मी किडनी को डैमेज कर सकती है। क्योंकि गर्मी में शरीर से इलेक्ट्रोलाइट्स बाहर निकलते हैं जिससे किडनी फेलियर जैसी समस्याएं हो सकती है।
श्वसन समस्या
ज्यादा गर्मी की वजह से सांस लेने में भी तकलीफ होती है। ऐसे में गर्मी के मौसम में अपनी सेहत का खास ध्यान रखें।
