Ayurvedic Remedies For Thyroid: जब हमारी थायराइड ग्रंथि अपना काम ठीक से नहीं करती है, तो इसकी वजह से शरीर में कई तरह की समस्याएं देखने को मिलती है, खासकर हार्मोनल असंतुलन से जुड़ी। पुरुषों की तुलना में थायराइड ग्रंथि के संचालन से जुड़ी स्थितियां महिलाओं में अधिक देखने को मिलती हैं। लंबे समय तक थायराइड फंक्शन में गड़बड़ी हाइपोथायरायडिज्म और हाइपरथायराइडिज्म जैसी स्थितियों को जन्म दे सकती है। ये दोनों ही बहुत गंंभीर स्थिति हैं। इन स्थितियों में किसी एक थायराइड ग्रंथि या तो किसी एक हार्मोन का उत्पादन बहुत ज्यादा करती है या किसी एक का बहुत कम। यह खराब थायराइड फंक्शन का ही परिणाम है।
थायराइड हमारी गर्दन पर स्थित तितली के आकार की ग्रंथि होती है, जो टी1 और टी3 नामक हार्मोन बनाती है। ये दोनों ही हार्मोन्स मेटाबॉलिज्म को रेगुलेट करने के लिए बहुत आवश्यक होते हैं, जो शरीर में अन्य हार्मोन के उत्पादन में मदद करते हैं। लेकिन जब किसी एक हार्मोन का उत्पादन अधिक या बहुत कम होता है, तो इससे मेटाबॉलिज्म गंभीर रूप से प्रभावित होता है और शरीर में हार्मोन का संतुलन पूरी तरह से बिगड़ने लगता है। इसलिए थायराइड से पीड़ित महिलाओं में अनियमित पीरियड्स, गंभीर ऐंठन और दर्द, गर्भधारण में परेशानी, असामान्य ब्लड फ्लो, पीसीओएस आदि जैसी समस्याएं देखने को मिलती हैं। अच्छी बात यह कि कुछ आयुर्वेदिक नुस्खों की मदद से थायराइड फंक्शन में आसानी से सुधार किया जा सकता है। यहां जानें थायराइड का अचूक उपाय माने जाने वाले आयुर्वेदिक नुस्खे।
थायराइड फंक्शन में सुधार के लिए आयुर्वेदिक उपाय - Ayurvedic Remedies To Improve Thyroid Function
ब्राह्मी
थायराइड फंक्शन में सुधार और इस स्थिति में सुधार करने में यह जड़ी बूटी बहुत ही कारगर साबित हो सकता है। यह मानसिक तनाव कम करती है और थायराइड हार्मोन के उत्पादन को बढ़ावा देती है। आप एक्सपर्ट के बताए तरीके से इसका सेवन कर सकते हैं।
अश्वगंधा
यह आयुर्वेदिक हर्ब्स शरीर को रिलैक्स करती है और नींद की गुणवत्ता में सुधार करती है। थायराइड के उपचार के लिए इसका प्रयोग लाभकारी माना जाता है। यह शरीर में हार्मोन्स के संतुलन को बढ़ावा देने और मेटाबॉलिज्म में सुधार करने में मदद करती है। आप पानी या दूध के साथ दिन अश्वगंधा पाउडर या गोली ले सकते हैं।
दशमूल क्वाथ
यह शरीर में वात दोष को संतुलित करने में मदद करता है। यह बाजार में आसानी से मिल जाता है, आप डॉक्टर की बताई मात्रा और तरीके के अनुसार इसका सेवन कर सकते हैं।
कचनार गुग्गुल
जब थायराइड की सूजन कम करने की बात आती है, तो इस आयुर्वेदिक औषधि को रामबाण माना जाता है। इसके सेवन से हार्मोन के उत्पादन में सुधार होता है और थायराइड फंक्शन बेहतर होती है।
डिस्क्लेमर: प्रस्तुत लेख में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल आम जानकारी के लिए हैं और इसे पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जा सकता। किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी तरह का बदलाव करने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।
