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Blackout Exercise क्या है? भारत-पाकिस्तान तनाव के बीच भारतीय सेना का इसपर क्यों है 'फोकस', ऐसे देते हैं अंजाम

What is Blackout Exercise: भारत और पाकिस्तान के बीच पहलगाम में हुए आतंकी के बाद काफी ज्यादा तल्खी है वहीं भारत के एक कदम से पाकिस्तान में खलबली मचती दिख रही है, दरअसल फिरोजपुर में 'ब्लैकआउट' एक्सरसाइज किया गया है, जानिए क्या है ये...

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ब्लैकआउट एक्सरसाइज क्या है

What is Blackout Exercise: कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव चरम पर है ऐसे में तमाम चर्चाओं को बल मिल रहा है वहीं पंजाब में फिरोजपुर कैंट बोर्ड ने 4 मई की शाम 30 मिनट का 'ब्लैकआउट' एक्सरसाइज (Blackout Exercise) किया गया, सवाल ये है कि आखिर ये किस तरह का अभ्यास है, जानते हैं...

युद्ध के दौरान शत्रु के हवाई हमलों से बचाव के लिए शहरों में रोशनी बुझाने की प्रक्रिया को ब्लैकआउट कहा जाता है, फिरोजपुर में ब्लैकआउट' अभ्यास रात नौ बजे से साढ़े नौ बजे तक छावनी क्षेत्र में किया गया, रात नौ बजे सायरन बजने के बाद इलाके की सभी लाइट बंद कर दी गईं। बताया गया कि इस अभ्यास का उद्देश्य युद्ध के खतरे के दौरान 'ब्लैकआउट' प्रक्रियाओं को लागू करने की तैयारी और प्रभावशीलता सुनिश्चित करना है, 'ब्लैकआउट' एक नियमित तैयारी से जुड़े अभ्यास का हिस्सा है।

इस एक्सरसाइज को पूरा करने से पहले अधिकारियों ने लाउडस्पीकर से घोषणा करते हुए आम लोगों को ब्लैकआउट अभ्यास में शामिल उपायों के बारे में जानकारी दी ताकि लोगों में पैनिक ना हो।

क्या होती है ब्लैकआउट एक्सरसाइज (What is Blackout Exercise)

ब्लैकआउट एक्सरसाइज, जिसे ब्लैकआउट ड्रिल (Blackout Exercise) या ब्लैकआउट अभ्यास के रूप में भी जाना जाता है, एक तैयारी अभ्यास है यह अभ्यास संगठन की आपातकालीन योजनाओं, संचार तंत्र और संसाधनों को परखने का एक तरीका है। ब्लैकआउट एक्सरसाइज का अर्थ है किसी जगह को अंधेरा करना ताकि आपातकालीन स्थितियों में तैयारी की जा सके यह लोगों को अंधेरे में काम करने और सुरक्षित रहने की तैयारी करने में मदद करता है।

Black out Exercise

Black out Exercise

'Blackout Drill' का मतलब

'ब्लैकआउट एक्सरसाइज' या 'ब्लैकआउट ड्रिल' का मतलब है किसी जगह या क्षेत्र को अंधेरा करना, जैसे कि बिजली या रोशनी बंद कर देना, यह अभ्यास आमतौर पर युद्ध या अन्य आपातकालीन स्थितियों में तैयारी करने के लिए किया जाता है, ताकि लोगों को अंधेरे में काम करने और सुरक्षित रहने की आदत हो सके।

युद्ध या आपातकाल की तैयारी

ब्लैकआउट एक्सरसाइज का मुख्य उद्देश्य युद्ध या अन्य आपातकालीन स्थितियों के दौरान बिजली गुल होने की स्थिति में लोगों को तैयार करना है, यह अभ्यास लोगों को अंधेरे में काम करने, सुरक्षित रहने और अपनी दैनिक गतिविधियों को जारी रखने के तरीके सिखाता है।

Blackout Exercise

Blackout Exercise

संचार तंत्र की प्रभावशीलता का भी परीक्षण करता है

ब्लैकआउट एक्सरसाइज संचार तंत्र की प्रभावशीलता का भी परीक्षण करता है ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि आपातकाल के दौरान सूचनाएं प्रभावी ढंग से पहुंचाई जा सकें वहीं ब्लैकआउट एक्सरसाइज संगठनों को संसाधनों के प्रबंधन और आपातकाल के दौरान आवश्यक सेवाओं को बनाए रखने में मदद करते हैं।

Ravi Vaish
रवि वैश्यauthor

रवि वैश्य टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क पर कार्यरत एक सीनियर जर्नलिस्ट हैं, जिन्हें पत्रकारिता में 20 वर्षों का व्यापक अनुभव हासिल है। खबरों की बारीकियों को समझने और तेजी से प्रस्तुत करने में उनकी विशेष दक्षता है। टीवी पत्रकारिता में रिपोर्टिंग और डेस्क—दोनों क्षेत्रों में अनुभव होने के कारण वे समाचारों को बहुआयामी दृष्टिकोण से देखते हैं। देश–दुनिया की ताजातरीन अपडेट्स, ब्रेकिंग न्यूज, एक्सप्लेनर और विशेष स्टोरीज तैयार करने में वे सिद्धहस्त हैं। उनकी प्राथमिकता हमेशा यही रही है कि हर खबर तेज, सटीक और जानकारीपूर्ण रूप में पाठकों तक पहुंचे। रवि वैश्य अब तक 22,000 से अधिक खबरें लिख चुके हैं, जिनमें कई एक्सक्लूसिव रिपोर्ट्स, इंटरव्यू, ग्राउंड रिपोर्ट्स, विश्लेषण और एक्सप्लेनर शामिल हैं।

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