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Mulayam Singh Yadav ने दिलीप कुमार को दिया था SP में आने का ऑफर, पलटकर यूसुफ ने दिया था ये जवाब

  • Agency by: Agency
  • Updated Oct 11, 2022, 07:31 AM IST

Mulayam Singh Yadav and Dilip kumar meeting: मुलायम का स्‍वभाव दिलीप कुमार को काफी पसंद था और दोनों की खूब जमती थी। दोनों के बीच परिवारिक रिश्‍ता बन गया था। मुलायम सिंह यादव के बेटे अखिलेश यादव की शादी में भी दिलीप कुमार ने शिरकत की थी।

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Mulayam Singh Yadav ने दिलीप कुमार को दिया था SP में आने का ऑफर, पलटकर यूसुफ ने दिया था ये जवाब

Mulayam Singh Yadav and Dilip kumar meeting: राजनीति के दिग्‍गज खिलाड़ी, समाजवादी पार्टी के संस्‍थापक मुलायम सिंह यादव का 82 वर्ष की उम्र में सोमवार को निधन (Mulayam Singh Yadav Death) हो गया। वह गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में भर्ती थे। सोमवार सुबह 8 बजकर 16 मिनट पर उन्होंने अंतिम सांस ली। उनके निधन पर देश की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) सहित तमाम राजनेताओं ने शोक व्यक्त किया। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) ने प्रदेश में तीन दिन के राजकीय शोक की घोषणा की और उनके अंतिम दर्शन को सैफई पहुंचे।

मुलायम सिंह यादव अब सक्रिय राजनीति से दूर थे और समाजवादी पार्टी की कमान उनके बेटे अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) के हाथ में हैं। मुलायम सिंह यादव कुशल राजनेता रहे हैं और यूपी के मुख्‍यमंत्री सहित कई शीर्ष पदों पर आसीन रहे। यूपी की राजनीति से ताल्‍लुक रखने वाले मुलायम का मुंबई से भी खासा नाता रहा है। वह अक्‍सर मुंबई जाते और वहां वक्‍त बिताते। वे जब भी मुंबई जाते तो वहां की मीडिया में उनकी चर्चा रहती। एक समय था जब वे मुंबई की राजनीति के केंद्र में रहने लगे। इस बात का जिक्र वरिष्‍ठ पत्रकार वेद विलास उनियाल की पुस्‍तक सुन मेरे बंधु में मिलता है।

मुलायम का स्‍वभाव दिलीप कुमार को काफी पसंद था और दोनों की खूब जमती थी। दोनों के बीच परिवारिक रिश्‍ता बन गया था। मुलायम सिंह यादव के बेटे अखिलेश यादव की शादी में भी दिलीप कुमार ने शिरकत की थी। पुस्‍तक सुन मेरे बंधु में मुलायम सिंह यादव और अभिनेता दिलीप कुमार की मुलाकात का भी जिक्र है। पुस्‍तक के अनुसार दोनों की मुलाकात मुंबई में एक इफ्तार पार्टी के दौरान हुई थी। इस पार्टी में मुलायम सिंह ने द‍िलीप कुमार को साथ आने का ऑफर दिया था।

पुस्‍तक में लिखा है- मुलायम मुंबई आते, जाते रहते। मुलायम होते तो साथ में अमर सिंह भी होते। एक रोज मुंबई वीटी के पास एक इफ्तार पार्टी में उन्‍हें और दिलीप कुमार को बात करते देखा। प्रेस मीडिया के लोग भी थे लेकिन नेता जी उस दिन शायद बात करने के मूड में नहीं थे। आखिर दिलीप कुमार ने मुलायम सिंह का हाथ हाथों में लेकर कहा, आप मसीहा हो सकते हैं। यह सुनकर मुलायम गदगद हुए। फ‍िर बोले- 'लेकिन यूसुफ साहब, यह आपके बिना संभव नहीं है।'

मुलायम सिंह यादव की इस बात पर यूसुफ यानी दिलीप कुमार अपने चिरपरिचित अदा में बोले, 'देखिए मुलायम जी। मेरी कुछ दिक्‍कतें हैं। आखिर आपके साथ ही तो बैठा हूं।' मुलायम ने कहा, 'मेरी लड़ाई अलग है। केवल दुआ से काम नहीं चलेगा। साथ होइये। दिलीप कुमार ने उनके हाथ को और कसकर पकड़ा और कहा- आप जज्‍बात समझिए किसी के साथ नहीं दिख सकता है। आपकी चाहत और तरह की है और मेरी मुश्‍किलें और हैं। पर यकीन मानिये, आप बुलंद होंगे, मुझे खुशी होगी।

कुलदीप राघव
कुलदीप राघवauthor

कुलदीप राघव प्रिंट और डिजिटल पत्रकारिता में 13 वर्षों से अधिक अनुभव का रखने वाले पत्रकार हैं। टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में वह एजुकेशन सेक्शन को लीड कर रहे हैं। एजुकेशन सेक्टर की गहरी समझ और लगातार फील्ड-ओरिएंटेड रिपोर्टिंग के कारण कुलदीप इस बीट के भरोसेमंद पत्रकारों में गिने जाते हैं। वे स्कूल और उच्च शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षाएं, एडमिशन और काउंसलिंग प्रोसेस, स्कॉलरशिप, करियर गाइडेंस, जॉब अलर्ट, स्किल डेवलपमेंट और युवाओं से जुड़े सामाजिक-शैक्षणिक मुद्दों पर तथ्यात्मक और आसान भाषा में खबरें पब्लिश करते हैं। कुलदीप ने अब तक 18,000 से अधिक बाइलाइन स्टोरीज लिखी हैं, जिनमें कई एक्सक्लूसिव रिपोर्ट्स, विश्लेषण, डेटा आधारित रिपोर्ट्स और एक्सप्लेनर शामिल हैं।

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