Delhi Assembly Election 2025: दिल्ली विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। बूथ हो या निर्वाचन क्षेत्र पार्टी हर जगह अपनी स्थिति मजबूत करने पर जुटी है। इसी क्रम में बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 'मेरा बूथ सबसे मजबूत' कार्यक्रम के तहत बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं के साथ बातचीत की। प्रधानमंत्री मोदी ने आम आदमी पार्टी (AAP) की 'असलियत' दिखाने के लिए नाले, कूड़े के ढेर और बुनियादी सुविधाओं के अभाव वाली जगहों की तस्वीर लेकर उसे लोकेशन के साथ सोशल मीडिया पर शेयर करने का कार्य सौंपा।
वीडियो बनाकर शेयर करें-पीएम
पीएम ने कार्यकर्ताओं से कहा, 'भाजपा के बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं के पास आम आदमी पार्टी को एक्सपोज करने की एक बड़ी जिम्मेदारी है। आप अपने बूथ की हर गली की तस्वीर लें, जहां भी गंदा पानी बह रहा हो उसका वीडियो बनाएं, दिल्ली में जगह-जगह कूड़े के ढेर भी हैं..इन तस्वीरों को लोकेशन के साथ लोगों के साथ शेयर करें। हमें यह याद रखना है कि हमारा सबसे बड़ा लक्ष्य दिल्ली में भाजपा की सरकार बनाना है।'
'आप-दा' से दिल्ली को मुक्त कराना है-पीएम
पीएम ने हा, 'जो मुसीबतें एवं कठिनाइयां आप-दा लेकर आई है, उससे दिल्ली को मुक्त करना है। केवल ऐसा होने पर ही दिल्ली को विकसित भारत की विकसित राजधानी बनाया जा सकता है। मुझे दिल्ली में अपने संगठन की ताकत पर भरोसा है। प्रत्येक बूथ पर तीन से चार पीढ़ियों के कार्यकर्ता इस चुनाव में भाजपा को भारी जीत दिलाएंगे। आप अपने बूथ पर जिस तरह से मेहनत कर रहे हैं, उससे पार्टी बड़ी जीत दर्ज करने जा रही है।'
'AAP-कांग्रेस दोनों ने जनता से धोखा किया'
AAP और कांग्रेस पर निशाना साधते हुए पीएम ने कहा कि दोनों ही पार्टियों ने दिल्ली की जनता के साथ धोखा किया है। उन्होंने कहा, 'दिल्ली के लोग आप के झूठ और धोखे से परेशान हो चुके हैं। पहले कांग्रेस और फिर AAP ने उन्हें धोखा दिया।' मध्यम वर्ग के सपनों का जिक्र करते हुए पीएम ने कहा कि भाजपा मध्यम वर्ग को देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ मानती है। इस मध्यम वर्ग की आकांक्षाओं को समझते हुए हम शिक्षा से लेकर स्वास्थ्य तक हर आधुनिक सुविधाओं का निर्माण कर रहे हैं लेकिन AAP की 'आपदा' ने मध्यम वर्ग को केवल दिक्कतें और परेशानियां दी हैं।
सिर्फ ‘बर्बादी ही बर्बादी’ देखने को मिली है-पीएम
प्रधानमंत्री ने कहा कि पिछले 25 साल में जिनका जन्म हुआ है या आज जो 35 साल के होंगे, उनको राष्ट्रीय राजधानी में सिर्फ ‘बर्बादी ही बर्बादी’ देखने को मिली है और उन्होंने आशा छोड़ दी है तथा वे निराशा के गर्त में डूब चुके हैं। उन्होंने कहा, ‘एक बार दिल्ली में नया विश्वास पैदा करने के लिए इसे 25 साल की सारी बुराइयों से बाहर निकाल कर एक नए संकल्प के साथ आगे बढ़ाना है। मैं जानता हूं दिल्ली का हर कार्यकर्ता इसके लिए तैयार है, ऊर्जा से भरा हुआ है।’
