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Lok Sabha Election 2024: अयोध्या में क्यों हारी भाजपा? जनता की नाराजगी के क्या रहे कारण

Uttar Pradesh Lok Sabha Election 2024: उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी की अगुवाई में इंडिया गठबंधन ने जबरदस्त प्रदर्शन किया है। शानदार प्रदर्शन करते हुए इंडिया गठबंधन ने 80 में से 43 सीटें जीत ली है। समाजवादी पार्टी ने अकेले 37 सीटों पर जीत दर्ज की। इन 37 सीटों में अयोध्या से सपा की जीत ने सभी को हैरान कर दिया है। आइये समझते है सपा की कारण के कारणों को...

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अयोध्या लोकसभा सीट पर जीत दर्ज कर सपा ने सभी को किया हैरान

Photo : टाइम्स नाउ डिजिटल

Uttar Pradesh Lok Sabha Election 2024: उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी की अगुवाई में इंडिया गठबंधन ने जबरदस्त प्रदर्शन किया है। शानदार प्रदर्शन करते हुए इंडिया गठबंधन ने 80 में से 43 सीटें जीत ली है। समाजवादी पार्टी ने अकेले 37 सीटों पर जीत दर्ज की। इन 37 सीटों में अयोध्या से सपा की जीत ने सभी को हैरान कर दिया है। अयोध्या की हार ने भाजपा को बुरी तरह हिला कर रख दिया है। भाजपा को यकीन ही नहीं हो रहा है कि आखिर अयोध्या सीट उनके हाथ से कैसे निकल सकती है? अयोध्या की हार ने विपक्ष को भी भाजपा को घेरने का मौका दे दिया है। बता दें कि अयोध्या लोकसभा सीट से सपा उम्मीदवार अवधेष प्रसाद ने बीजेपी के लल्लू सिंह को हराया है। सपा के अवधेश प्रसाद ने भाजपा के लल्लू सिंह को 54567 वोटों से शिकस्त दी है। आइये उन कारणों को समझते है कि आखिर भाजपा अपने ही गढ़ में और वो भी राम मंदिर के निर्माण के बाद आखिर कैसे और क्यों हार गई?

राम मंदिर निर्माण की वजह से बीजेपी के नेताओं ने लोकल मुद्दों की तरफ ध्यान ही नहीं दिया। जातिगत समीकरण को बैठाने में भी इस सीट पर भाजपा असफल रही। जिसका खामियाजा बीजेपी को यहां मिली हार से चुकाना पड़ा। भाजपा के उम्मीदवार लल्लू सिंह से लोगों की नाराजगी और गुस्सा भी इस बार अयोध्या में देखने को मिला। लल्लू सिंह ने कई बार अपने विवादित बयानों की वजह सियासी गर्मी बढ़ाई है, लेकिन इस बार उनके बयान उन्हीं पर भारी पड़ गये और उन्हें अयोध्या सीट से हाथ धोना पड़ा। वहीं दूसरी राम पथ, भक्ति पथ, कौसी मार्ग के चौड़ीकरण के नाम पर लोगों के मकान तोड़े गए। दूसरी तरफ उनको काफी कम मुआवजे मिला। ऐसे में भी ये बात अयोध्या के लोगों को पसंद नहीं आई और उनका गुस्सा इसको लेकर बढ़ गया। जो लोग वहां सदियों से रह रहे हैं, उन्हें एक पल में विकास के नाम पर वहां से खदेड़ दिया गया।

नवनिर्वाचित सांसद अवधेश प्रसाद ने बताएं भाजपा की हार के कारण

वहीं इस बीच अयोध्या सीट से समाजवादी पार्टी (सपा) के नवनिर्वाचित सांसद अवधेश प्रसाद ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नेताओं को नकली और खुद को असली रामभक्त करार देते हुए बृहस्पतिवार को कहा कि भाजपा ने प्रभु श्री राम के नाम पर देश को ठगने के सिवा और कुछ नहीं किया। भाजपा नेताओं ने लोकसभा चुनाव प्रचार के दौरान राम मंदिर निर्माण का श्रेय मोदी को दिया था। प्रसाद ने भाजपा के 'जो राम को लाये हैं, हम उनको लाएंगे', के नारे से जुड़े एक सवाल पर कहा कि 'राम को लाने वाले (भाजपा) ये नहीं हैं। यह इनका झूठा नारा था। इसको जनता अच्छी तरह से समझ चुकी है। राम को कोई लाने वाला नहीं है। राम तो हजारों लाखों साल पहले खुद ही आये हैं। राम सबके दिलों में हैं। वह सबकी आस्था के केन्द्र हैं।

प्रसाद ने कहा कि ये (भाजपा) राम के नाम पर राजनीति कर रहे थे। राम के नाम पर इन्होंने देश को ठगा है। राम के नाम पर महंगाई पैदा की है। लाखों करोड़ों नौजवानों में बेरोजगारी पैदा की है। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी ने अयोध्या के नाम पर राजनीति की है। मर्यादा पुरुषोत्तम राम की मर्यादा को तोड़ने का काम किया है। प्रसाद ने खुद को असली राम भक्त बताते हुए कहा कि हम ऐसी सीट से चुनाव लड़े, जिस पर पूरी दुनिया की निगाह थी। सब राम की कृपा है। राम हमारे रोम-रोम में हैं। भाजपाई तो राम के नकली मानने वाले हैं। हम तो असली हैं।

Shashank Shekhar Mishra
Shashank Shekhar Mishraauthor

शशांक शेखर मिश्रा टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल (www.timesnowhindi.com) में बतौर कॉपी एडिटर काम कर रहे हैं। इन्हें पत्रकारिता में करीब 5 वर्षों का अनुभव है। इन पांच सालों में देश की राजनीति से लेकर देश-दुनिया में बनते-बिगड़ते सत्ता समीकरणों एवं घटनाओं को कवर करने का अनुभव है। राजनीति, रक्षा और आटोमोबाइल्स की खबरों में विशेष रूचि के साथ खोजी पत्रकारिता और स्टिंग ऑपरेशन का भी अनुभव है। टाइम्स नाउ नवभारत में देश-दुनिया की खबरों के साथ रियल टाइम डेस्क पर कार्य करने का अनुभव है। शशांक ने इन 5 वर्षों के पत्रकारिता के कैरियर के दौरान टेलीविजन और डिजिटल मीडिया में कार्य करने का अनुभव हासिल किया है। टाइम्स नाउ नवभारत में बतौर कॉपी एडिटर जुड़ने से पहले जागरण न्यू मीडिया, इनशार्ट्स, जी हिंदुस्तान और न्यूज हेल्पलाइन में सब एडिटर, रिपोर्टर और असिस्टेंट प्रोड्यूसर के तौर पर काम कर चुके हैं। पढ़ाई-लिखाई की बात करें तो लखनऊ विश्वविद्यालय से राजनीति विज्ञान में पोस्ट ग्रेजुएशन किया है। इसके बाद एशियन एकेडमी ऑफ फिल्म एंड टेलीविजन से पोस्ट ग्रेजुएशन डिप्लोमा इन मास कम्युनिकेशन एंड टीवी जर्नलिज्म किया हैं। शशांक को जिम जाना, एडवेंचर एक्टिविटी करना और नई तकनीक को जानना और समझना बेहद पसंद है। इसके अलावा शशांक को ड्राइव करना और अध्यात्म में भी काफी रुचि हैं। शशांक शेखर मिश्रा उत्तर प्रदेश की राजधानी और नवाबों के शहर के रूप में फेमस लखनऊ से ताल्लुक रखते हैं।

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