Bengal Election 2026: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के दौरान आज कोलकाता की सड़कों पर भक्ति और लोकतंत्र का एक अद्भुत संगम देखने को मिला। मतदान केंद्र की ओर बढ़ने से पहले इस्कॉन (ISKCON) के संतों और अनुयायियों ने अपनी परंपरा के अनुसार भजन-कीर्तन किया, जिसने चुनावी माहौल में आध्यात्मिक रंग भर दिया।
भजन की धुन पर 'लोकतंत्र का पर्व'
कोलकाता में मतदान करने पहुंचे इस्कॉन संतों का एक समूह सुबह से ही चर्चा का केंद्र बना रहा। पोलिंग बूथ के बाहर कतार में लगने से पहले इन संतों ने मृदंग और झांझ की थाप पर 'हरे रामा-हरे कृष्णा' का जाप किया। संतों का कहना था कि जिस तरह भगवान की भक्ति एक आवश्यक कर्तव्य है, उसी तरह राष्ट्र के निर्माण के लिए मतदान करना भी हर नागरिक का परम धर्म है।
भक्ति और नागरिक कर्तव्य का संदेश
हाथों में वोटर आईडी और होंठों पर भगवान का नाम लिए इन संतों ने संदेश दिया कि समाज और देश की बेहतरी के लिए सही प्रतिनिधि चुनना अनिवार्य है। इस्कॉन के एक वरिष्ठ संत ने मीडिया से बात करते हुए कहा, "हम शांति और खुशहाली के लिए प्रार्थना करते हैं और एक जिम्मेदार नागरिक के रूप में अपना वोट डालने आए हैं।"
दूसरे चरण में उत्साह का माहौल
कोलकाता सहित बंगाल के विभिन्न हिस्सों में दूसरे चरण के लिए मतदान जारी है। जहां एक तरफ राजनीतिक दलों के बीच तीखी बयानबाजी और कड़ी सुरक्षा का पहरा है, वहीं इस्कॉन संतों के इस कीर्तन ने मतदाताओं के बीच सकारात्मकता का संचार किया। बूथ पर मौजूद अन्य मतदाता भी इस दृश्य को देख उत्साहित नजर आए और कई लोगों ने इसे 'सच्चा लोकतंत्र' करार दिया।
